August 31, 2026

Uttaranchal Darpan

Hindi Newsportal

बंग भाषी महासभा की गोष्ठी में सामाजिक एकजुटता पर जोर

रूद्रपुर,(उद संवाददाता)। बंग भाषी महासभा की आज सिटी क्लब सभागार में आयोजित हुई गोष्ठी में वक्ताओं ने सामाजिक एकता पर बल दिया और सभी से एकजुट होकर देश के विकास में कार्य करने की अपील की। साथ ही समाज सेवा में उल्लेखनीय योगदान करने वाले कई लोगों को सम्मानित भी किया गया। इससे पूर्व मेयर रामपाल सिंह, डाॅ. शुभ्रो चक्रवर्ती, शिवपद सरकार, अजमेर सिंह, बंकिम महाराज, किशोर तरफदार व मनोज सरकार आदि ने दीप प्रज्जवलित कर कार्यक्रम का शुभारम्भ किया। अपने सम्बोधन में भारतीय स्टेट बैंक के अधिकारी अजमेर सिंह ने कहा कि समाज के हर व्यक्ति को धर्म, जाति, वर्ग, भेद से ऊपर उठकर देशहित की बात करना चाहिए। यदि हम आपस में एकजुट हैं तो निश्चित रूप से देश विकास की ओर अग्रसर होगा। उन्होंने कहा कि हर परिवार को अपनी संस्कृति की रक्षा भी करनी होगी। उन्होंने कहा कि प्राथमिक विद्यालयों में बच्चों को उनकी संस्कृति के अनुरूप हिन्दी सहित बांग्ला, पंजाबी, उर्दू की शिक्षा भी प्रदान की जानी चाहिए ताकि बच्चे अपनी संस्कृति से विमुख न हों। उन्होंने कहा कि भाषा कोई भी हो हम सभी को कौमी गुलदस्ते के रूप में एक साथ मिलकर रहना होगा। डाॅ. शुभ्रो चक्रवर्ती ने कहा कि बंगाली और गैर बंगाली भाषी लोगों के बीच समरसता का होना आवश्यक है। अर्जुन अवार्ड विजेता मनोज सरकार ने कहा कि कोई भी व्यक्ति किसी भी धर्म या जाति का हो सर्वप्रथम वह हिन्दू है। उन्होंने सभी से धर्म, जाति, भेद से ऊपर उठकर देश के लिए कार्य करने की अपील की। मेयर रामपाल सिंह ने संस्था द्वारा आयोजित कार्यक्रम की सराहना करते हुए कहा कि ऐसे कार्यक्रम सामाजिक एकता को मजबूत करने में सहायक होते हैं। कार्यक्रम के दौरान अर्जुन पुरस्कार विजेता अर्जुन सरकार, राइजिंग इंडिया के पदाधिकारियों व सदस्यों,समाजसेवी सुशील गाबा, विजय मंडल, प्रो. रिबेन कश्यप, पवित्रा शील आदि को सम्मानित किया गया। इस मौके पर शंकर चक्रवर्ती, किशोर तरफदार, स्वामी प्रकाशानन्द महाराज, देवाशीष चक्रवर्ती, प्रताप दत्ता, प्रभाष स्वर्णकार, विक्रम राय, प्रदीप मंडल, शुभम दास, विजय आहुजा सहित कई गणमान्य लोग मौजूद थे। कार्यक्रम का संचालन शिवपद सरकार ने किया।

More Stories

Leave a Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *