..वो भाभी जी ‘विधाायक’ हैं का सीन था ! दूसरी शादी को लेकर विवादों में घिरे भाजपा नेता सुरेश राठौर ने पार्टी के नोटिस का दिया जवाब
देहरादून। पहली पत्नी और परिवार होते हुए एक अन्य महिला से विवाह को लेकर विवादों में आए ज्वालापुर से भाजपा के पूर्व विधायक व वरिष्ठ नेता सुरेश राठौर ने प्रदेश अध्यक्ष महेंद्र भट्ट को अपना जवाब दे दिया है। पार्टी ने उन्हें अनुशासन हीनता के आरोप में कारण बताओ नोटिस दिया था। मंगलवार को राठौर प्रदेश अध्यक्ष से उनके यमुना कालोनी स्थित सरकारी आवास पर मिले और अपना पक्ष रखा। राठौर पर दूसरी शादी कर भाजपा सरकार में बने समान नागरिक संहिता का उपहास करने का आरोप है। विपक्ष ने भी इसे लेकर भाजपा को निशाना बनाया है। प्रदेश मीडिया प्रभारी मनवीर चौहान के मुताबिक, विगत कुछ समय से पूर्व विधायक राठौर से संबंधित विभिन्न खबरें और वीडियो सोशल मीडिया पर प्रसारित हो रहे हैं। पार्टी ने इसे अमर्यादित आचरण मानकर उनके इस कृत्य को पार्टी की छवि धूमिल करने वाला माना था। उनकी इन सार्वजनिक गतिविधियों को अनुशासनहीनता के दायरे में मानते हुए नोटिस दिया गया था। राठौर के पक्ष प्राप्त होने के बाद प्रदेश अध्यक्ष भट्ट ने कहा कि पार्टी शीघ्र निर्णय लेगी। उन्होंने साफ किया कि पार्टी में कोई भी कितना भी बड़ा क्यों न हो हो, किसी का भी अभद्र, अश्लील, असामाजिक और अमर्यादित व्यवहार स्वीकार्य नहीं किया जाएगा। भट्ट ने कहा कि राठौर ने अपना जवाब दे दिया है। अब पार्टी की अनुशासन समिति में विस्तृत विचार किया जाएगा और शीघ्र ही उचित निर्णय लिया जाएगा। वहीं भाजपा नेता दूसरी शादी के विवाद में घिरे हैं। नोटिस का जवाब देने के बाद राठौर प्रदेश पार्टी कार्यालय पहुंचे। इस दौरान मीडिया कर्मियों ने उन पर सवालों की झड़ी लगा दी। दूसरी शादी के आरोपों में घिरे भाजपा के पूर्व विधायक सुरेश राठौर ने अपनी दूसरी शादी की फोटो को लेकर कहा कि वो भाभी जी विधायक है का सीन था। राठौर ने कांग्रेस पर तंज कसते हुए कहा अगर कांग्रेस को वीडियो ही दिखाने हैं, तो पहले एनडी तिवारी, हरक सिंह रावत व हरीश रावत के वीडियो दिखाए। मंगलवार को भाजपा प्रदेश अध्यक्ष को उनके सरकारी आवास पर नोटिस का जवाब देने के बाद राठौर प्रदेश पार्टी कार्यालय पहुंचे। इस दौरान मीडिया कर्मियों ने उन पर सवालों की झड़ी लगा दी। कारण बताओ नोटिस पर राठौर ने कहा, मैंने पार्टी या संगठन के खिलाफ कोई आपत्तिजनक बयान नहीं दिया। जिन आरोपों की बात हो रही है, वो पूरी तरह से बेबुनियाद हैं। उन्होंने उलटे सवाल दागा, क्या आपने मुझे शादी करते हुए, मांग भरते हुए या वरमाला पहनाते हुए किसी वीडियो में देखा है? नहीं ना? तो फिर ये मुद्दा खड़ा क्यों किया जा रहा है? पूर्व विधायक ने समान नागरिक संहिता को लेकर भी स्थिति साफ करते हुए कहा, यूसीसी का कोई उल्लंघन नहीं किया है।
