झारखंड में छात्रों का आंदोलन खत्म: 2014 से आउटसोर्स एजेंसी की परीक्षाएं रद्द करने का फैसला
राहुल गांधी ने छात्रों के आंदोलन का किया स्वागत, आंदोलनकारी छात्रों के बीच खुशी की लहर
रांची: झारखंड में भर्ती परीक्षाओं में कथित अनियमितताओं को लेकर लंबे समय से चल रहा छात्रों का आंदोलन सोमवार रात सरकार और छात्रों के बीच सहमति बनने के बाद समाप्त हो गया। मुख्यमंत्री हेमंत सोरेन की अध्यक्षता में हुई कैबिनेट की विशेष बैठक में JSSC-CGL परीक्षा रद्द करने के साथ-साथ वर्ष 2014 से आउटसोर्स एजेंसी TSR Data Processing Pvt. Ltd. (TSR/TDPL) की ओर से आयोजित परीक्षाओं, उनके परिणामों और चयन प्रक्रिया को रद्द करने का निर्णय लिया गया। फैसले के बाद आंदोलनकारी छात्रों के बीच खुशी की लहर दौड़ गई।छात्रों की भूख हड़ताल खत्म होने पर कांग्रेस नेता और लोकसभा में नेता प्रतिपक्ष राहुल गांधी ने प्रतिक्रिया दी। उन्होंने सोशल मीडिया प्लेटफॉर्म एक्स पर कहा कि मुख्यमंत्री हेमंत सोरेन और झारखंड सरकार ने बातचीत का रास्ता चुना और समाधान निकाला।राहुल गांधी ने कहा कि छात्रों ने संयम बरतते हुए अपनी बात रखी। उन्होंने कहा कि जब छात्र सवाल उठाएं तो उन्हें जवाब मिलना चाहिए। राहुल गांधी ने देश के हर छात्र के साथ खड़े रहने की बात कही और भर्ती परीक्षा व्यवस्था में व्यापक बदलाव की जरूरत पर जोर दिया।उन्होंने कहा कि ऐसा सिस्टम तैयार किया जाना चाहिए, जिसमें छात्रों को उनकी मेहनत का पूरा फल मिले और उन्हें निष्पक्ष प्रतिस्पर्धा का अधिकार मिले।
TDPL की ओर से आयोजित परीक्षाएं रद्द
मुख्यमंत्री हेमंत सोरेन ने कैबिनेट की विशेष बैठक के बाद कहा कि सरकार ने इस मामले को खत्म करने के लिए सभी पहलुओं पर विचार किया है। उन्होंने बताया कि TDPL द्वारा आयोजित परीक्षाओं, प्रकाशित परिणामों, चयनित अभ्यर्थियों और इससे जुड़ी अन्य गतिविधियों को रद्द करने का निर्णय लिया गया है।सरकार के इस फैसले का असर JSSC-CGL समेत TDPL की ओर से आयोजित अन्य भर्ती परीक्षाओं पर भी पड़ेगा।
JSSC-CGL भी होगी रद्द
राज्य मंत्रिमंडल ने झारखंड कर्मचारी चयन आयोग (JSSC) की संयुक्त स्नातक स्तरीय परीक्षा (JSSC-CGL) को भी रद्द करने का फैसला किया है। सरकार ने भर्ती परीक्षाओं में सामने आई कथित अनियमितताओं को देखते हुए यह कदम उठाया है।छात्र लंबे समय से JPSC और JSSC की भर्ती परीक्षाओं में कथित गड़बड़ियों की जांच, दोषियों पर कार्रवाई और परीक्षा व्यवस्था में सुधार की मांग कर रहे थे।
वरिष्ठ IAS अधिकारी की अध्यक्षता में बनेगी समिति
भर्ती परीक्षा व्यवस्था में सुधार के लिए सरकार ने एक परीक्षा सुधार समिति गठित करने का फैसला किया है। वरिष्ठ IAS अधिकारी अमिताभ कौशल की अध्यक्षता में बनने वाली यह समिति परीक्षा प्रणाली की खामियों की समीक्षा करेगी।समिति का उद्देश्य भर्ती प्रक्रिया को अधिक पारदर्शी, निष्पक्ष और विश्वसनीय बनाने के लिए आवश्यक सुझाव देना होगा। सरकार का दावा है कि समिति की सिफारिशों के आधार पर परीक्षा व्यवस्था में सुधार की दिशा में आगे कदम उठाए जाएंगे।
16 दिन से भूख हड़ताल पर थे देवेंद्र नाथ महतो
परीक्षा रद्द किए जाने की खबर सामने आते ही जयपाल मुंडा स्टेडियम में धरने पर बैठे आंदोलनकारी छात्रों में खुशी की लहर दौड़ गई। छात्रों ने नारेबाजी कर सरकार के फैसले पर खुशी जताई।वहीं, 16 दिनों से भूख हड़ताल पर बैठे आंदोलनकारी देवेंद्र नाथ महतो ने कहा कि वह अपना अनशन समाप्त करेंगे। हालांकि उन्होंने स्पष्ट किया कि छात्रों का संघर्ष अभी खत्म नहीं हुआ है और वे आगे भी अपने अधिकारों के लिए आवाज उठाते रहेंगे।
बातचीत से निकला समाधान
झारखंड में भर्ती परीक्षाओं को लेकर छात्रों का आंदोलन कई दिनों से जारी था। सरकार और छात्रों के प्रतिनिधियों के बीच सोमवार को बातचीत के कई दौर हुए। इसके बाद विभिन्न मांगों पर सहमति बनी और सरकार ने परीक्षा व्यवस्था में सुधार तथा विवादित परीक्षाओं को लेकर महत्वपूर्ण फैसले लिए।सरकार के फैसले के बाद फिलहाल छात्रों ने अपना आंदोलन और भूख हड़ताल समाप्त कर दी है। अब निगाहें इस बात पर रहेंगी कि रद्द की गई परीक्षाओं के स्थान पर नई भर्ती प्रक्रिया कब और किस व्यवस्था के तहत शुरू की जाती है।

