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10वीं और 12वीं के रिजल्ट में कुमाऊं मंडल का दबदबा, देहरादून और हरिद्वार पिछड़े

रूद्रपुर/बागेश्वर। उत्तराखंड बोर्ड परीक्षा परिणाम में बागेश्वर जिले ने हाईस्कूल और इंटर दोनों में सर्वश्रेष्ठ पास प्रतिशत दर्ज कर प्रदेश में बाजी मारी है। वहीं देहरादून और हरिद्वार जैसे बड़े जिले नतीजों में पीछे रह गए। कुमाउ मंडल के छात्रों ने सर्वश्रेष्ठ प्रदर्शन कर सफलता परचम लहराया। हाईस्कूल में देहरादून का सबसे कम 89.21 और इंटर में हरिद्वार का रिजल्ट सबसे कम 75.45 फीसदी रहा। इस साल उत्तराखंड बोर्ड के हाईस्कूल का पास प्रतिशत 92.10 और इंटरमीडिएट का पास प्रतिशत 85.11 रहा है। अगर जिलेवार छात्रों के पास प्रतिशत की बात करें तो बागेश्वर हाईस्कूल में 96.98 और इंटर में 94.81 रिजल्ट के साथ अव्वल रहा।उत्तराखंड बोर्ड परीक्षा में सरस्वती शिशु मंदिर इंटर कॉलेज चौरासी की छात्रा गीतिका पंत ने 98 प्रतिशत अंक हासिल कर प्रदेश में संयुक्त रूप से पहला स्थान हासिल कर जिले का नाम रोशन किया है। उन्होंने 500 में से 492 अंक हासिल किए। हाईस्कूल में भी उन्होंने 97 प्रतिशत अंक हासिल कर जिला टॉप किया था। हाईस्कूल की परीक्षा में उन्होंने प्रदेश में 10वां स्थान हासिल किया था। गीतिका के पिता चंद्रशेखर पंत टैक्सी चालक हैं जबकि मां रीतिका पंत गृहिणी हैं। उन्हें हिंदी में 99, गणित में 98, भौतिक विज्ञान में 99, रसायन विज्ञान में 94 और अंग्रेजी में 100 नंबर मिले हैं। हाईस्कूल में गीतिका को हिंदी में 97, संस्कृत में 99, गणित में 98, विज्ञान में 98, सामाजिक विज्ञान में 96 और अंग्रेजी में 92 प्रतिशत अंक हासिल किए थे। गीतिका ने अपनी सफलता का श्रेय माता-पिता, दादा स्व. चंद्रशेखर पंत और दादी मुन्नी पंत के आशीर्वाद और शिक्षकों को दिया है। रामनगर के लखनपुर निवासी अक्षत गोपाल पुत्र गोपाल कुमार ने इस साल हाईस्कूल परीक्षा में 500 में से 491 नंबर लाकर प्रदेश में सर्वश्रेष्ठ स्थान प्राप्त किया है। अक्षत के पिता रामनगर के निजी विद्यालय में शिक्षक हैं, जबकि माता ममता गोपाल ग्रहणी है। अक्षत ने बताया कि वह प्रतिदिन चार से पांच घंटा पढ़ाई करते थे। इसके लिए उन्होंने कोई टड्ढूशन नहीं लिया। बताया कि गणित सुर विज्ञान को समय देने के साथ उन्हें हिंदी और अंग्रेजी सबसे कठिन विषय लगे। बताया कि हिंदी और अंग्रेजी में नंबर कटने की संभावना बहुत अधिक होती है। इसके लिए उन्होंने हिंदी और अंग्रेजी अधिक ध्यान दिया। बताया कि स्कूल के शिक्षकों ने उन्हें अतिरिक्त क्लास दी। जिसके चलते वह ये मुकाम हासिल कर सके। बताया कि वह आगे जाकर इंजीनियर बनना चाहते हैं। माता-पिता के त्याग और भरोसे के दम पर रुद्रपुर की 12वीं की छात्रा सुशीला मेहंदीरत्ता ने 500 में से 490 नंबर लाकर प्रदेश टॉप किया है। सुशीला का कहना है कि दवाब के साथ कभी भी पढ़ाई में सफलता नहीं मिल सकती। ऊधमसिंह नगर के भूरारानी के भंजूराम अमर इंटर कॉलेज की छात्रा सुशीला मेहंदीरत्ता ने इंटरमीडिएट की बोर्ड परीक्षा में प्रदेश व जिले का नाम रोशन किया है। अमर उजाला से खास बातचीत में सुशीला ने खुद को एक नाइट आउल बताया। यानी वे रात में देर तक जागकर पढ़ना पसंद करती हैं। रात का समय शांत होता है जिससे एकाग्रता बेहतर बनी रहती है।नैनीताल जिले के सबसे दूरस्थ विकासखंड बेतालघाट ब्लॉक के खैरना स्थित जीबी पंत जीआईसी इंटर कॉलेज की छात्रा भूमिका ने उत्तराखंड बोर्ड परीक्षा में हाईस्कूल में प्रदेश में तीसरा स्थान प्राप्त कर जिले और क्षेत्र का मान बढ़ाया। भूमिका ने हाईस्कूल में 500 में से 490 अंक प्राप्त कर 98 प्रतिशत प्राप्त किए। भूमिका की उपलब्धि पर क्षेत्र के लोगों ने खुशी जाहिर की है।

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