कपकोट प्रकरणः अश्लील फोटो से लांछन लगाने वाला युवक गिरफ्तारः महिला के वायरल वीडियो के बाद बढ़ी थी राजनीतिक सरगर्मी
सोशल मीडिया में महिला पर आपत्तिजनक टिप्पणी और विधायक के खिलाफ कथित भ्रामक पोस्ट मामले में आरोपी गिरफ्तार
बागेश्वर। कपकोट क्षेत्र की एक महिला के बारे में सोशल मीडिया पर कथित आपत्तिजनक टिप्पणियां करने और स्थानीय विधायक की छवि धूमिल करने के उद्देश्य से कथित भ्रामक सामग्री प्रसारित करने के आरोप में पुलिस ने फरार चल रहे आरोपी युवक जगदीश गोस्वामी को गिरफ्तार कर लिया है। आरोपी कई दिनों से फरार था। उसकी तलाश में पुलिस और एसओजी की तीन टीमें विभिन्न जिलों में लगातार दबिश दे रही थीं। मंगलवार शाम उसे बैजनाथ क्षेत्र से गिरफ्तार किया गया। पुलिस के अनुसार, 30 जुलाई को कपकोट क्षेत्र की एक महिला ने थाने में तहरीर देकर आरोप लगाया था कि आरोपी ने उसे बदनाम करने की नीयत से सोशल मीडिया पर उसके चरित्र पर लांछन लगाने वाले वीडियो और पोस्ट साझा किए। इस मामले में भारतीय न्याय संहिता ;बीएनएसद्ध की धारा 79 के तहत मुकदमा दर्ज किया गया। इसके बाद 2 अगस्त को धर्मेंद्र सिंह दानू की ओर से एक अन्य शिकायत दर्ज कराई गई, जिसमें आरोप लगाया गया कि आरोपी ने सोशल मीडिया पर स्थानीय विधायक के खिलाफ अभद्र भाषा का प्रयोग करते हुए कथित भ्रामक वीडियो और पोस्ट प्रसारित किए। इस मामले में बीएनएस की धाराओं 352, 353, 356 तथा सूचना प्रौद्योगिकी अधिनियम की धारा 66 के तहत मुकदमा दर्ज किया गया। पुलिस अधीक्षक जितेंद्र मेहरा के निर्देश पर आरोपी की गिरफ्तारी के लिए तीन विशेष टीमें गठित की गई थीं। पुलिस के मुताबिक आरोपी लगातार अपने ठिकाने बदल रहा था। उसकी तलाश में रानीखेत, रामनगर, बिजनौर, हरिद्वार, सहारनपुर और देहरादून समेत कई स्थानों पर दबिश दी गई। न्यायालय से गैर-जमानती वारंट जारी होने तथा बीएनएसएस की धारा 84 के तहत नोटिस तामील किए जाने के बाद उसके घर पर मुनादी भी कराई गई थी। गिरफ्तारी करने वाली टीम में एसओजी प्रभारी निरीक्षक सलाउद्दीन, उपनिरीक्षक गोल्डी घुघत्याल, मुख्य आरक्षी नवीन कुमार तथा एसओजी के आरक्षी संतोष कुमार और भुवन बोरा शामिल रहे। गौरतलब है कि इस बीच सोशल मीडिया पर एक महिला द्वारा न्याय की मांग करते हुए आत्मदाह की चेतावनी देने वाला वीडियो वायरल होने के बाद जिले में राजनीतिक चर्चाएं तेज हो गई थी। वहीं कपकोट से भाजपा विधायक सुरेश गढ़िया ने मीडिया से बातचीत में कहा कि उनके खिलाफ यह एक सुनियोजित राजनीतिक साजिश है। उन्होंने दावा किया कि वर्ष 2024 के लोकसभा चुनाव के दौरान भी उनके नाम से एक कथित अश्लील फोटो सोशल मीडिया पर वायरल की गई थी, जिसकी शिकायत उन्होंने तत्कालीन पुलिस महानिदेशक और स्थानीय पुलिस से की थी, लेकिन उस समय कोई ठोस कार्रवाई नहीं हुई।विधायक का आरोप है कि अब सोशल मीडिया पर उनके और एक महिला के संबंध में कथित भ्रामक और आपत्तिजनक सामग्री प्रसारित कर उनकी राजनीतिक छवि खराब करने का प्रयास किया जा रहा है। उन्होंने कहा कि उन्होंने इस मामले में पुलिस अधीक्षक और कपकोट थाने में शिकायत दर्ज कराई है तथा दोषियों के खिलाफ सख्त कार्रवाई की मांग की है। सुरेश गढ़िया ने यह भी आरोप लगाया कि वायरल पोस्ट पर कई लोगों ने अभद्र टिप्पणियां की हैं। उन्होंने उन टिप्पणियों की भी जांच कर संबंधित लोगों के खिलाफ कार्रवाई की मांग की है। विधायक ने कहा कि यदि पुलिस ने शीघ्र और निष्पक्ष कार्रवाई नहीं की तो वह अपने समर्थकों के साथ आंदोलन करेंगे। उनका कहना है कि निष्पक्ष जांच होने पर पूरे मामले की सच्चाई सामने आ जाएगी।कपकोट क्षेत्र की एक महिला, जिसने सोशल मीडिया पर अपना नाम माही टाकुली बताया है, ने वायरल वीडियो में आरोप लगाया कि वर्ष 2024 से एक कथित अश्लील फोटो के साथ उसका नाम जोड़कर सोशल मीडिया पर लगातार उसे बदनाम किया जा रहा है।महिला ने दावा किया कि उसने वर्ष 2024 में भी इस मामले की शिकायत कपकोट थाने में करने का प्रयास किया था, लेकिन उसकी एफआईआर दर्ज नहीं की गई। उसका आरोप है कि 29 जुलाई को मानीखेत निवासी जगदीश गोस्वामी ने सोशल मीडिया पर एक पोस्ट साझा कर उसके चरित्र पर गंभीर आरोप लगाए और यह दावा किया कि उसे विधायक से तीन करोड़ रुपये और एक वाहन मिला है। महिला ने इन सभी आरोपों को पूरी तरह झूठा और निराधार बताया है।रविवार को वायरल वीडियो में महिला ने चेतावनी दी थी कि यदि 24 घंटे के भीतर कार्रवाई नहीं हुई तो वह अपने पति और दो बच्चों के साथ आत्मदाह करेगी। फिलहाल पुलिस ने आरोपी को गिरफ्तार कर लिया है और मामले की जांच जारी है। महिला और विधायक की ओर से लगाए गए आरोपों तथा आरोपी के खिलाफ दर्ज मुकदमों की जांच के बाद ही पूरे प्रकरण के तथ्यों की आधिकारिक पुष्टि हो सकेगी।
