विधिक जागरूकता शिविर में न्याय और अधिकारों की दी गई जानकारी
नैनीताल । उत्तराखण्ड राज्य विधिक सेवा प्राधिकरण नैनीताल के दिशा निर्देशों तथा अध्यक्ष जिला विधिक सेवा प्राधिकरण नैनीताल एवं जिला न्यायाधीश प्रशांत जोशी के निर्देशन में रविवार को राजकीय इंटर कॉलेज ल्वेशाल में बहुउद्देशीय विधिक साक्षरता एवं जागरूकता शिविर का आयोजन किया गया। कार्यक्रम का आयोजन सिविल जज सीडी एवं सचिव जिला विधिक सेवा प्राधिकरण पारुल थपलियाल के नेतृत्व में किया गया। शिविर में मुख्य अतिथि के रूप में उत्तराखण्ड उच्च न्यायालय नैनीताल के न्यायाधीश एवं कार्यपालक अध्यक्ष उत्तराखण्ड राज्य विधिक सेवा प्राधिकरण न्यायमूर्ति मनोज कुमार तिवारी मौजूद रहे। उनके साथ मंजु तिवारी, सदस्य सचिव राज्य विधिक सेवा प्राधिकरण प्रदीप मणि त्रिपाठी तथा विशेष कर्तव्य अधिकारी हर्ष यादव भी उपस्थित रहे। कार्यक्रम में अपर जिलाधिकारी विवेक राय और एसपी क्राइम जगदीश चन्द ने भी प्रतिभाग करते हुए आमजन को विधिक जानकारी प्रदान की। कार्यक्रम की शुरुआत अपर जिला न्यायाधीश कुलदीप शर्मा द्वारा मुख्य अतिथि के स्वागत अभिनंदन के साथ हुई। मंच संचालन प्रथम न्यायिक मजिस्ट्रेट उर्वशी रावत ने किया। अतिथियों द्वारा दीप प्रज्ज्वलित कर कार्यक्रम का शुभारंभ किया गया। इस अवसर पर राजकीय इंटर कॉलेज ल्वेशाल के छात्र छात्राओं ने सरस्वती वंदना और स्वागत गीत प्रस्तुत किया, जबकि राजकीय इंटर कॉलेज मोना के विद्यार्थियों ने कुमाऊंनी नृत्य प्रस्तुत कर सभी का मन मोह लिया। वहीं लोक सूचना विभाग द्वारा नशा मुक्त उत्तराखण्ड विषय पर नुक्कड़ नाटक प्रस्तुत किया गया। शिविर के दौरान छात्र छात्राओं की चित्रकला और निबंध प्रतियोगिता में प्रथम, द्वितीय और तृतीय स्थान प्राप्त करने वाले विद्यार्थियों को पुरस्कृत किया गया। इसके अलावा वित्तीय वर्ष 2025 26 में हाईस्कूल परीक्षा में सर्वाधिक अंक प्राप्त करने वाले मेधावी छात्र छात्राओं तथा 21 पैरा लीगल वालंटियर्स को भी सम्मानित किया गया। मुख्य अतिथि एवं अन्य अतिथियों द्वारा समाज कल्याण विभाग, सुनिधि विकास संस्था हल्द्वानी और ऑनलाइन संस्था हल्द्वानी के सहयोग से दिव्यांगजनों को व्हीलचेयर, कान की मशीन और लाठी वितरित की गई। वहीं गर्ल्स हू क्राफ्रट संस्था द्वारा बच्चों को स्वेटर भी वितरित किए गए। सदस्य सचिव प्रदीप मणि त्रिपाठी ने अपने संबोधन में राज्य विधिक सेवा प्राधिकरण और जिला विधिक सेवा प्राधिकरण की योजनाओं की जानकारी देते हुए ग्रामीण स्तर पर आयोजित किए जाने वाले जागरूकता शिविरों, वन विलेज वन प्रो बोनो पीएलवी योजना और मुकदमा मुक्त ग्राम पहल के बारे में विस्तार से बताया। उन्होंने कहा कि जिस ग्राम में कोई मुकदमा नहीं होता, उसे आदर्श ग्राम मानते हुए मुकदमा मुक्त ग्राम के रूप में सम्मानित किया जाता है। न्यायमूर्ति मनोज कुमार तिवारी ने कहा कि ऐसे शिविरों का उद्देश्य समाज के अंतिम व्यक्ति तक न्याय पहुंचाना है, विशेषकर उन लोगों तक जिनके पास सीमित संसाधन हैं। उन्होंने कहा कि विधिक सेवा केवल न्यायालयों तक सीमित नहीं है, बल्कि लोगों को उनके अधिकारों और कर्तव्यों के प्रति जागरूक करना भी इसका महत्वपूर्ण उद्देश्य है। उन्होंने लोगों से जागरूक और जिम्मेदार नागरिक बनने का आ“वान किया। कार्यक्रम के अंत में मुख्य अतिथि और अन्य न्यायिक अधिकारियों द्वारा विद्यालय परिसर में वृक्षारोपण किया गया तथा विभिन्न विभागों द्वारा लगाए गए स्टॉलों का निरीक्षण भी किया गया। शिविर में विभिन्न विभागों द्वारा जनसेवा शिविर लगाकर आमजन की समस्याओं का त्वरित समाधान किया गया। स्वास्थ्य विभाग द्वारा निःशुल्क स्वास्थ्य परीक्षण कर दवाइयों का वितरण भी किया गया। शिविर में बाह्य न्यायालय हल्द्वानी और रामनगर के न्यायिक अधिकारी, उप जिलाधिकारी नवाजिश, विभिन्न विभागों के अधिकारी और बड़ी संख्या में पीएलवी मौजूद रहे।
