मुख्यमंत्री ने प्रदेश की विकास योजनाओं के लिए दी 256 करोड़ की वित्तीय स्वीकृति
कुंभ मेला 2027 और पेयजल योजनाओं समेत आपदा राहत कार्यों को मिलेगी गति
देहरादून । मुख्यमंत्री पुष्कर सिंह धामी ने राज्य की विभिन्न विकास योजनाओं के साथ ही कुंभ मेला 2027 से संबंधित महत्वपूर्ण कार्यों के लिए 256 करोड़ रुपये की वित्तीय स्वीकृति प्रदान की है। सरकार के इस निर्णय से प्रदेश में बुनियादी ढांचे और जनसुविधाओं के विस्तार को मजबूती मिलेगी।मुख्यमंत्री पुष्कर सिंह धामी ने राज्य आपदा मोचन निधि के अंतर्गत 15वें वित्त आयोग की अवशेष धनराशि से प्रत्येक जनपद को राहत एवं बचाव मद में 3 करोड़, पुनर्प्राप्ति एवं पुनर्निर्माण मद में 5 करोड़ तथा तैयारी एवं क्षमता विकास मद में 2 करोड़ रुपये जारी करने का अनुमोदन दिया है। इस प्रकार प्रदेश के सभी जनपदों के लिए कुल 130 करोड़ रुपये अवमुक्त किए गए हैं। इसके साथ ही वित्तीय वर्ष 2026 27 के बजट में जिलाधिकारियों को आपदा से क्षतिग्रस्त परिसंपत्तियों के पुनर्निर्माण के लिए प्रति जनपद 2 करोड़ रुपये के मान से कुल 26 करोड़ रुपये स्वीकृत किए गए हैं।कुंभ मेला 2027 की तैयारियों को गति देते हुए मुख्यमंत्री ने राष्ट्रीय राजमार्ग संख्या 58 से औद्योगिक क्षेत्र तक चार लेन मार्ग के नवीनीकरण के लिए 2.72 करोड़ रुपये मंजूर किए हैं। साथ ही पथुलोक बैराज मार्ग के सुधार कार्य के लिए 2.13 करोड़ और बहादराबाद रोहाल्की तिराहे से अलीपुर सुकरासा पथरी अम्बूवाला मार्ग के नवीनीकरण कार्य के लिए 1.36 करोड़ रुपये की धनराशि अवमुक्त करने की स्वीकृति दी है।पेयजल व्यवस्था को सुदृढ़ करने की दिशा में मुख्यमंत्री ने देहरादून के पित्थूवाला शाखा में कमला पैलेस एवं जीएमएस रोड क्षेत्र में नलकूप निर्माण, राइजिंग मेन और वितरण प्रणाली के कार्यों के लिए 20.37 करोड़ रुपये स्वीकृत किए हैं। एसएएस सीआई कार्यक्रम के अंतर्गत रुद्रप्रयाग के तिलवाडा नगर पंचायत पेयजल योजना के लिए 39.86 करोड़, चमोली की पीपलकोटी नगर पंचायत पेयजल योजना के लिए 24.38 करोड़ तथा टिहरी गढ़वाल की हिण्डोलाखाल पंपिंग पेयजल योजना के लिए 9.73 करोड़ रुपये की धनराशि को मंजूरी दी गई है।एक अन्य महत्वपूर्ण निर्णय में मुख्यमंत्री पुष्कर सिंह धामी ने रुड़की नगर निगम के अंतर्गत सुनहरा मार्ग चौराहा का नाम शहीद चौक रखे जाने का भी अनुमोदन प्रदान किया है। सरकार के इन फैसलों से सीमांत क्षेत्रों सहित शहरी इलाकों में विकास कार्यों को नई दिशा मिलेगी।
