धामी-पांडे की मुस्कुराहट ने दिया एकजुटता का संदेश, अब समाप्त हो चुकी हैं दूरियां !
देहरादून। उत्तराखंड भाजपा में पिछले कुछ समय से सरकार और गदरपुर विधायक एवं पूर्व कैबिनेट मंत्री अरविंद पांडे के बीच चल रही कथित नाराजगी और दूरी को लेकर राजनीतिक गलियारों में लगातार चर्चाएं होती रही थीं। हालांकि शनिवार को मुख्यमंत्री आवास में हुई मुलाकात ने इन तमाम अटकलों पर लगभग विराम लगा दिया। मुख्यमंत्री द्वारा विधायक अरविंद पांडे को पौधा भेंट किए जाने और दोनों नेताओं के बीच हुई आत्मीय बातचीत ने यह संकेत दिया कि पार्टी के भीतर पैदा हुई दूरियां अब समाप्त हो चुकी हैं। दरअसल, पिछले कुछ समय से विधायक अरविंद पांडे अपने ऊपर लगाए जा रहे विभिन्न आरोपों और राजनीतिक रूप से उन्हें घेरने के प्रयासों को लेकर असहज बताए जा रहे थे। सार्वजनिक मंचों से भी वह कई बार अपनी पीड़ा व्यक्त कर चुके थे। उनका कहना था कि तीन दशक से अधिक के राजनीतिक जीवन में उनकी छवि पर सवाल खड़े करने की कोशिश की जा रही है, जबकि उन्होंने हमेशा पार्टी के अनुशासित कार्यकर्ता और समर्पित सिपाही के रूप में काम किया है। यही कारण था कि उनके और सरकार के बीच रिश्तों को लेकर लगातार चर्चाओं का दौर चल रहा था। भाजपा के शीर्ष नेतृत्व तक भी इन परिस्थितियों की जानकारी पहुंच चुकी थी और वह इसको लेकर गंभीर थे। घटनाक्रम के अनुसार शनिवार की शाम सीएम आवास में पांडे ने पार्टी के वरिष्ठ नेताओं की मौजूदगी में सीएम पुष्कर सिंह धामी से मुलाकात की। शुरुआती समय तनावपूर्ण रहा। पांडे ने भरे मन से कहा, वह पार्टी के अनुशासित सिपाही हैं। लेकिन उनके चरित्र को लेकर पिछले कुछ दिनों से दुष्प्रचार किया जा रहा है। पांडे ने कहा, उनका 30 साल का सियासी जीवन आईने की तरह साफ है। मालूम हो कि जमीनों के कुछ विवादों में नाम जोड़े जाने से विधायक पांडे पिछले काफी समय से नाराज चल रहे हैं। उनका आरोप है कि साजिश के तहत कुछ तत्व उनके खिलाफ दुष्प्रचार कर रहे हैं। प्रदेश में अपनी सरकार होने के बाद भी उनके मामले की सुनवाई उस तरह नहीं हो रही है जैसे होनी चाहिए। श्री पाण्डे अपनी बात राष्ट्रीय अध्यक्ष नितिन नवीन और राष्ट्रीय महामंत्री बीएल संतोष के समक्ष भी रख चुके थें और इस विषय को लेकर दोनों पदाधिकारी गंभीर थें। उन्होंने उत्तराखंड भाजपा के नेताओं को इस विषय का जल्द से जल्द निस्तारण करने के लिए कहा था। मुख्यमंत्री धामी ने कहा कि विधायक पांडे पार्टी के निष्ठावान सिपाही हैं। उनकी उठाई बातों को पार्टी ने हमेशा गंभीरता से लिया है। भाजपा के प्रदेश प्रभारी दुष्यंत कुमार गौतम, भाजपा के प्रदेश अध्यक्ष महेंद्र भट्टð, प्रदेश महामंत्री संगठन अजय के समझाने से भी विधायक पांडे को मनाया गया। वार्ता में गिले-शिकवे दूर होने के साथ ही माहौल सामान्य हो गया। जिस वक्त मुख्यमंत्री धामी ने विधायक पांडे को तोहफे के रूप में पौधा भेंट किया, उस वक्त पांडे और धामी के चेहरों पर बढ़िया मुस्कान दिखी। तस्वीरों में दोनों नेताओं के चेहरे पर दिखाई दे रही सहज मुस्कान और आत्मीयता से अंदाजा लगाया जा रहा है कि अब रिश्तों में आई कड़वाहट पीछे छूट चुकी है। भाजपा नेतृत्व ने समय रहते स्थिति को संभालते हुए यह स्पष्ट संदेश दिया है कि पार्टी में व्यक्तिगत मतभेदों से अधिक महत्व संगठन की एकजुटता को दिया जाएगा। आगामी विधानसभा चुनावों को देखते हुए संगठन और सरकार के बीच बेहतर तालमेल भाजपा की प्राथमिकता है और धामी-पांडे मुलाकात को उसी दिशा में उठाए गए महत्वपूर्ण कदम के रूप में देखा जा रहा है।
