दूषित कुट्टू का आटा खाने से कई लोगों की हालत बिगड़ी
रूद्रपुर। नवरात्र पर्व के मद्देनजर शासन प्रशासन द्वारा पिछले कई दिनों से व्यापारियों को खराब कुट्टू का आटा बिक्री करने से मना करने बावजूद नगर में खराब कुट्टू आटा की बिक्री पर प्रभावी ढ़ंग से रोक नहीं लग पाई है। इसका खामियाजा नगर के रम्पुरा व सुभाष कालोनी के दो परिवारों को भुगतना पड़ा। जिनके करीब एक दर्जन सदस्यों की खराब कुट्टू का आटा खाने से तबीयत तेजी से बिगड़ गई और उन्हें उपचार के लिए जिला चिकित्सालय भर्ती कराना पड़ा। इस घटना से प्रशासनिक व स्वास्थ्य अधिकारियों में हड़कम्प मच गया। इधर चिकित्सकों ने 6 की हालत को गंभीर बताया है।जानकारी के अनुसार रम्पुरा व सुभाष कालोनी निवासी परिवारों के लोगों ने प्रथम नवरात्र पर व्रत रखा था। सायं काल मौहल्ले की ही एक किराना दुकान से कुट्टू का आटा खरीद कर लाये और सभी ने इस आटे से बनी रोटियों खाई। बताया जाता है कि मध्य रात्रि रम्पुरा और सुभाष कालोनी निवासी 43 वर्षीय रेखा देवी, 20 वर्षीय सोनम, 40 वर्षीय सोमपाल, 10 वर्षीय दीप्ति, 12 वर्षीय किरन, 15 वर्षीय शिवम, 27 वर्षीय सौरभ, 25 वर्षीय कमलेश, 35 वर्षीय बेबी, 16 वर्षीय वर्षा व 35 वर्षीय रामवती की हालत तेजी से बिगड़ने लगी। उन्हें उल्टी होने लगी, चक्कर आने लगे और शरीर ठंडा पड़ने के साथ ही बेहोशी आने लगी। जिससे परिजनों में हड़कम्प मच गया। आनन फानन में सभी को उपचार के लिए जिला चिकित्सालय ले जाया गया। जहां चिकित्सकों ने रम्पुरा के 27 वर्षीय सौरभ राठोर, 58 वर्षीय कमलेश, 34 वर्षीय शारदा और सुभाष कालोनी निवासी 20 वर्षीय सोनम,16 वर्षीय वर्षा रस्तोगी और 37 वर्षीय रेखा रस्तोगी को गंभीर हालत देखते हुये भर्ती कर लिया गया। बल्कि बाकी को प्राथमिक उपचार के बाद छुट्टी दे दी गई। रोगियों द्वारा खाया गया कुट्टू के आटे का नमूना सुरक्षित रख लिया गया है। चिकित्सा विभाग के अपर निदेशक व वरिष्ठ चिकित्सक डा- एमके तिवारी ने बताया कि मामले की जानकारी स्वास्थ्य विभाग के उच्चाधिकारियों को दे दी गई है।
