August 31, 2026

Uttaranchal Darpan

Hindi Newsportal

उत्तराखंड लोक सेवा आयोग ने बेरोजगारों से वसूले 21.75 करोड़ परीक्षा शुल्क

काशीपुर ।राज्य पी.सी.एस. सहित राज्य की लोक सेवा के पदों पर भर्ती करने वाले प्रमुख आयोग उत्तराखंड लोक सेवा आयोग ने आवेदन करने वालों से आवेदन शुल्क परीक्षा शुल्क से वर्ष 2001-02 से 2021-22 तक कुल 21 करोड़ 75 लाख 86 हजार 879 रूपये की धनराशि वसूली गयी है। यह खुलासा आयोग द्वारा सूचना अधिकार के अन्तर्गत नदीम उद्दीन (एडवोकेट) को उपलब्ध करायी गयी सूचना से हुआ। काशीपुर निवासी सूचना अधिकार कार्यकर्ता नदीम उद्दीन ;एडवोकेटद्ध ने उत्तराखंड लोक सेवा आयोग से उसके द्वारा आवेदकों से वसूले गये शुल्क सहित विभिन्न सूचनायें मांगी। इसके उत्तर में लोक सूचना अधिकारी/अनुभाग अधिकारी ;लेखाद्ध लेखानुभाग राजीव गुुप्ता ने अपने पत्रांक 436 दिनांक 22 मार्च 2023 से आवेदन शुल्क (परीक्षा शुल्क) से प्राप्त धनराशि का विवरण उपलब्ध कराया है। श्री नदीम को उपलब्ध करायी गयी सूचना के अनुसार वित्तीय वर्ष 2001-02 तथा 2014-15 में तो कोई धनराशि नहीं वसूली गयी है तथा वर्ष 2018-19 में केवल 450 रू. की धनराशि ही वसूली गयी है जबकि अन्य वर्षों में बड़ी धनराशियां लोक सेवा आयोग की परीक्षाओं हेतु आवेदन करने वाले अभ्यर्थियों से वसूली गयी है। श्री नदीम को उपलब्ध विवरण के अनुसार वित्तीय वर्ष 2002-03 में 2 करोड़ 55 लाख 54 हजार 719, वर्ष 2003-04 में 91 लाख 17 हजार 723, वर्ष 2004-05 में 28 लाख 64 हजार 986, वर्ष 2005-06 में 8 लाख 43 हजार, वर्ष 2006-07 में 23 लाख 79 हजार 700, वर्ष 2007-08 में 11 लाख 63 हजार, वर्ष 2008-09 में 3 लाख 89 हजार, वर्ष 2009-10 में 7 लाख 75 हजार, वर्ष 2010-11 में 16 लाख 26 हजार 160, वर्ष 2011-12 में 11 लाख 57 हजार 5, वर्ष 2012-13 में 7 लाख 55 हजार 700, वर्ष 2013-14 में 19 लाख 91 हजार 616, वर्ष 2015-16 में 2 करोड़ 70 लाख 77 हजार 380 तथा वर्ष 2016-17 में 1 करोड़ 49 लाख 07 हजार 510 तथा वर्ष 2017-18 में 3 करोड़ 9 लाख 31 हजार 145 रू. की धनराशि आवेदन करने वालों से प्राप्त की गयी है। वर्ष 2019-20 में 2 करोड़ 7 लाख 62 हजार 205 रूपये, कोविड महामारी के वर्ष 2020-21 में 12 लाख 26 हजार 379 रूपये तथा वर्ष 2021-22 में 7 करोड़ 40 लाख 64 हजार 201 रूपये की धनराशि लोक सेवा आयोग द्वारा आवेदन शुल्क (परीक्षा शुल्क) से प्राप्त की गयी है। उपलब्ध कराये गये आंकड़ों का वित्तीय वर्ष वार विश्लेषण करने से स्पष्ट है कि दो वर्षों (2001-02 तथा 2014-15) में जहां कोई धनराशि नहीं प्राप्त हुई है। वहीं 6 वर्षों में एक करोड़ से अधिक धनराशि का आवेदन शुल्क (परीक्षा शुल्क) प्राप्त किया गया है। इसमें सर्वाधिक 2021-22 में 7 करोड़ 40 लाख 64201 तथा दूसरे स्थान पर वर्ष 2017-18 में 3 करोड़ 9 लाख 31145 तीसरे स्थान पर वर्ष 2015-16 में 2 करोड़ 70 लाख 77380 चौथे स्थान पर वर्ष 2002-03 में 2 करोड़ 5 लाख 54719, पांचवे स्थान पर वर्ष 2019-20 में 2 करोड़ 7 लाख 62205 तथा छठे स्थान पर वर्ष 2016-17 में 1 करोड़ 49 लाख 7510 रू. प्राप्त किये गये है।

Leave a Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *