उत्तरकाशी/बागेश्वर में फंसे ट्रेकिंग दलों के 136 पर्वतारोहियों के लिए आठ हेलिकॉप्टरों से रेस्क्यू अभियान चलाने के निर्देश
उत्तरकाशी । खराब मौसम के कारण उत्तरकाशी जिले के विभिन्न स्थानों पर फंसे 136 पर्वतारोहियों को सुरक्षित निकालने के लिए रेस्क्यू अभियान तेज किया गया है। सुबह छह बजे से अभियान शुरू कर दिया गया था। अब तक 21 पर्वतारोही सुरक्षित निकाल लिए गए हैं। रेस्क्यू ऑपरेशन की समीक्षा करने व धरातल पर स्थिति का जायज़ा लेने के लिए जिलाधिकारी प्रशांत आर्य भी हर्षिल के लिए रवाना हो गए हैं। इससे पहले तीन हेलिकॉप्टरों की मदद से अभियान चलाया जा रहा था। मुख्य सचिव आनंद बर्द्धन ने निर्देश दिए हैं कि सोमवार सुबह छह बजे से आठ हेलिकॉप्टरों के माध्यम से रेस्क्यू अभियान संचालित किया जाए। रविवार देर शाम मुख्य सचिव ने राज्य आपातकालीन परिचालन केंद्र पहुंचकर राहत एवं बचाव अभियान की समीक्षा की। अधिकारियों के अनुसार उत्तरकाशी में 10 ट्रेकिंग दलों के 136 पर्वतारोही अलग-अलग स्थानों पर फंसे हैं। वहीं, बागेश्वर जिले में तीन दलों के 43 पर्वतारोहियों को फिलहाल सुरक्षित स्थान पर रोका गया है।उत्तरकाशी के जिलाधिकारी प्रशांत आर्य के अनुसार सभी पर्वतारोही सुरक्षित हैं और उनसे सैटेलाइट के माध्यम से लगातार संपर्क किया जा रहा है। फंसे पर्वतारोही कालिंदी ट्रैक पास, उड़न कॉल पास, माउंट सुदर्शन, भागीरथी-2, जोगिन-1, शिवलिंगा-1 व 2, सतोपंथ और श्रीकंठ चोटियों के आरोहण के लिए निकले थे।मुख्य सचिव ने अधिकारियों को निर्देश दिए कि रेस्क्यू के बाद सभी पर्वतारोहियों की तत्काल मेडिकल स्क्रीनिंग और स्वास्थ्य जांच कराई जाए। एम्स ऋषिकेश और श्रीनगर मेडिकल कॉलेज को अलर्ट मोड पर रखने के निर्देश दिए गए हैं।उन्होंने यूकेएडीए के माध्यम से पर्याप्त संख्या में हेलिकॉप्टरों की उपलब्धता सुनिश्चित करने तथा मौसम विभाग के साथ लगातार समन्वय बनाए रखने को कहा। मौसम की स्थिति के अनुसार रेस्क्यू योजना में बदलाव किया जा सकेगा। साथ ही, सभी संबंधित टीमों के लिए पर्याप्त सैटेलाइट फोन उपलब्ध रखने के निर्देश दिए गए हैं।
