August 10, 2026

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चंपावत में हर्षाेल्लास से मनाया गया ‘सावन उत्सव-2026’ गीता धामी ने दिया महिला सशक्तिकरण और संस्कृति संरक्षण का संदेश

स्थानीय उत्पादों एवं स्वरोजगार को बढ़ावा देने का आहवान
रूद्रपुर/चंपावत(उद संवाददाता)। श्रीमती गीता पुष्कर धामी के मार्गदर्शन एवं सेवा संकल्प फाउंडेशन के तत्वावधान में चंपावत के जीजीआईसी सभागार में ‘सावन उत्सव-2026’ का भव्य आयोजन किया गया। मातृशक्ति एवं बहनों की बड़ी संख्या में सहभागिता से आयोजित कार्यक्रम में संस्कृति, महिला सशक्तिकरण, मनोरंजन और पर्यावरण संरक्षण का सुंदर संगम देखने को मिला। कार्यक्रम का शुभारंभ पूज्य माताजी श्रीमती बिशना देवी ने दीप प्रज्वलित कर किया। इस दौरान ‘सुपर ईजा डांस’, ‘मिसेज सावन क्वीन-2026’, सावन सरप्राइज अवॉर्ड्स सहित विभिन्न मनोरंजक खेल एवं प्रतियोगिताओं का आयोजन हुआ, जिसमें महिलाओं ने उत्साहपूर्वक भाग लिया।कार्यक्रम में भगवान शिव एवं माता पार्वती को समर्पित नृत्य, सातूं-आंठू ;गौरा-महेशद्ध, झोड़ा-चांचरी सहित विभिन्न सांस्कृतिक प्रस्तुतियों ने उत्तराखंड की समृद्ध लोक परंपराओं को जीवंत कर दिया। वरिष्ठ महिलाओं द्वारा नशा मुक्ति पर प्रस्तुत विशेष कार्यक्रम भी आकर्षण का केंद्र रहा और सामाजिक जागरूकता का संदेश दिया।इस अवसर पर विभिन्न क्षेत्रों में उल्लेखनीय कार्य कर रही महिलाओं को ‘नंदा शिखर सम्मान’ से सम्मानित किया गया। महिला स्वयं सहायता समूहों की ओर से लगाए गए पहाड़ी उत्पादों, ऐपण कला एवं अन्य स्थानीय उत्पादों के स्टॉल भी आयोजन के विशेष आकर्षण रहे। कार्यक्रम में इन स्टॉलों का अवलोकन कर मातृशक्ति को स्थानीय उत्पादों और स्वरोजगार के लिए प्रोत्साहित किया गया। पर्यावरण संरक्षण का संदेश देते हुए ‘एक पेड़ मां के नाम’ अभियान के अंतर्गत रुद्राक्ष का पौधा रोपा गया। साथ ही महिलाओं एवं बहनों को पौधे वितरित कर उनके संरक्षण का संकल्प लेने का आग्रह किया गया।आयोजन को संबोधित करते हुए श्रीमती गीता पुष्कर धामी ने कहा कि सावन उत्सव केवल मनोरंजन का अवसर नहीं, बल्कि मातृशक्ति की प्रतिभा, आत्मविश्वास और हमारी लोक संस्कृति को सम्मान देने का माध्यम है। उन्होंने कहा कि उत्तराखंड की महिलाओं ने अपनी मेहनत, प्रतिभा और आत्मनिर्भरता के बल पर हर क्षेत्र में अपनी पहचान बनाई है।उन्होंने महिलाओं से अपनी लोक परंपराओं, कला और संस्कृति को नई पीढ़ी तक पहुंचाने के साथ-साथ स्थानीय उत्पादों एवं स्वरोजगार को बढ़ावा देने का आ“वान किया। उन्होंने कहा कि महिला स्वयं सहायता समूहों के प्रयास ग्रामीण अर्थव्यवस्था को मजबूत करने में महत्वपूर्ण भूमिका निभा रहे हैं। गीता पुष्कर धामी ने पर्यावरण संरक्षण को भी सामूहिक जिम्मेदारी बताते हुए ‘एक पेड़ मां के नाम’ अभियान से जुड़ने और लगाए गए पौधों की देखभाल करने की अपील की। उन्होंने कहा कि सेवा, संस्कृति, महिला सशक्तिकरण और पर्यावरण संरक्षण को साथ लेकर चलने वाले ऐसे प्रयास समाज में सकारात्मक बदलाव लाने का काम करते हैं।कार्यक्रम में राज्य दर्जा मंत्री श्रीमती हेमा जोशी, श्रीमती किरण देवी, चंपावत नगर पालिका अध्यक्ष श्रीमती प्रेमा पांडे, चंपावत ब्लॉक प्रमुख श्रीमती अंचला बोहरा, श्रीमती दीपा जोशी, पूर्व ब्लॉक प्रमुख श्रीमती विनीता फर्त्याल एवं श्रीमती रेखा देवी सहित बड़ी संख्या में गणमान्य महिलाएं एवं मातृशक्ति मौजूद रहीं। सावन उत्सव में महिलाओं के उत्साह, प्रतिभा और उत्तराखंड की लोक संस्कृति के रंगों ने कार्यक्रम को यादगार बना दिया। आयोजन के सफल संचालन के लिए आयोजकों ने सभी सहयोगियों, प्रतिभागियों और उपस्थित मातृशक्ति का आभार व्यक्त किया।

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