कांग्रेस ने केंद्र सरकार पर बोला तीखा हमला : ‘छात्रों पर हमला बंद हो, शिक्षा मंत्री हटें और प्रधानमंत्री संसद में दें जवाब
राहुल गांधी बोले- छात्रों पर बल प्रयोग किया गया और उनकी मांगों की अनदेखी की जा रही
नई दिल्ली: नीट पेपर लीक मामले और छात्रों के विरोध प्रदर्शन को लेकर कांग्रेस ने केंद्र सरकार पर तीखा हमला बोला है। कांग्रेस सांसद और लोकसभा में नेता प्रतिपक्ष राहुल गांधी ने शुक्रवार को 10 जनपथ के बाहर मीडिया से बातचीत करते हुए आरोप लगाया कि शांतिपूर्ण प्रदर्शन कर रहे छात्रों पर बल प्रयोग किया गया और उनकी मांगों की अनदेखी की जा रही है। वहीं कांग्रेस अध्यक्ष और राज्यसभा में नेता प्रतिपक्ष मल्लिकार्जुन खरगे ने प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी से संसद में आकर इस मुद्दे पर जवाब देने की मांग की।राहुल गांधी ने कहा कि जब एक युवा हाथ में तिरंगा लेकर शांतिपूर्ण प्रदर्शन कर रहा था, तब उस पर पैलेट गन चलाई गई। उन्होंने कहा कि छात्रों ने अपनी मांगें स्पष्ट कर दी हैं और कांग्रेस उन्हीं मांगों का समर्थन कर रही है।उन्होंने कहा कि इन छात्रों के माता-पिता ने अपनी मेहनत की कमाई से उन्हें पढ़ाया है, लेकिन सरकार ने देश के भविष्य पर हमला किया है। राहुल गांधी ने आरोप लगाया कि सरकार को झूठ बोलना बंद करना चाहिए और छात्रों के साथ न्याय करना चाहिए।राहुल गांधी ने छात्रों की तीन प्रमुख मांगों का उल्लेख करते हुए कहा कि पहली मांग केंद्रीय शिक्षा मंत्री धर्मेंद्र प्रधान को पद से हटाने की है, क्योंकि छात्र उन्हें पेपर लीक और मौजूदा स्थिति के लिए जिम्मेदार मानते हैं। दूसरी मांग उन लोगों के खिलाफ कार्रवाई की है, जिन्होंने प्रदर्शन के दौरान कथित रूप से छर्रे वाली बंदूकें चलाईं और लाठीचार्ज किया। तीसरी मांग प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी से उन हजारों छात्रों से माफी मांगने की है, जिन्हें इस पूरे मामले में नुकसान उठाना पड़ा।कांग्रेस नेता ने दावा किया कि कई छात्रों को गंभीर शारीरिक चोटें आई हैं। उन्होंने एक घायल छात्र का जिक्र करते हुए कहा कि यह भी निश्चित नहीं है कि उसकी आंख की रोशनी बचाई जा सकेगी या नहीं। राहुल गांधी ने कहा कि छात्रों की कोई गलती नहीं है और उन पर हमला तथा उन्हें डराने-धमकाने की कार्रवाई बंद होनी चाहिए। राहुल गांधी ने सरकार के उस दावे पर भी सवाल उठाया, जिसमें कहा गया है कि प्रदर्शन के दौरान पैलेट गन का इस्तेमाल नहीं किया गया। उन्होंने आरोप लगाया कि कई युवाओं की आंखें और शरीर छर्रों से घायल हुए हैं तथा हजारों प्रदर्शनकारियों पर लाठीचार्ज किया गया। उनके अनुसार, छात्र केवल पेपर लीक के खिलाफ शांतिपूर्ण विरोध कर रहे थे। लोकसभा में नेता प्रतिपक्ष ने केंद्रीय शिक्षा मंत्री धर्मेंद्र प्रधान पर भी तीखा हमला बोलते हुए कहा कि वे “अपराधी शिक्षा मंत्री” हैं और उन्हें तत्काल पद से हटाया जाना चाहिए। राहुल गांधी ने कहा कि धर्मेंद्र प्रधान देश की शिक्षा व्यवस्था के पतन के प्रतीक बन गए हैं और उनके कारण ही हजारों छात्र सड़कों पर प्रदर्शन करने को मजबूर हुए हैं। वहीं कांग्रेस अध्यक्ष और राज्यसभा में नेता प्रतिपक्ष मल्लिकार्जुन खरगे ने कहा कि यदि प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी इस मुद्दे पर अपनी बात रखना चाहते हैं तो उन्हें संसद में आकर बयान देना चाहिए। उन्होंने कहा कि प्रधानमंत्री का जवाब सदन में आएगा तभी उसे प्रामाणिक माना जाएगा। खरगे ने कहा कि आधी रात को बयान देने के बजाय प्रधानमंत्री को दिन के समय संसद में आकर देश और छात्रों के सवालों का जवाब देना चाहिए।
