स्पा सेंटरों की आड़ में चल रहे देह व्यापार का भंडाफोड़ : 4 लोग गिरफ्तार और 9 महिलाएं रेस्क्यू
रूद्रपुर (उद संवाददाता)। पुलिस ने ऑपरेशन प्रहार के तहत देह व्यापार के अनैतिक नेटवर्क पर कड़ा प्रहार करते हुए शहर के दो प्रमुख स्पा सेंटरों में चल रहे गंदे धंधे का पर्दाफाश किया है। पुलिस की अलग-अलग टीमों ने काशीपुर रोड और भूरारानी रोड पर स्थित स्पा सेंटरों में एक साथ छापेमारी कर 4 पुरुष अभियुक्तों को रंगे हाथ गिरफ्तार किया और देह व्यापार के दलदल में धकेली गई 9 महिलाओं को सुरक्षित रेस्क्यू किया। प्रभारी निरीक्षक मोहन चन्द्र पाण्डेय की टीम ने काशीपुर रोड फ्लाईओवर के नीचे स्थित वाइट लोटस यूनीसेक्स स्पा पर छापा मारा। पुलिस टीम ने जब गैलरी के कमरों की जांच की, तो एक कमरे से आपत्तिजनक आवाजें सुनाई दीं। महिला कांस्टेबल के माध्यम से दरवाजा खुलवाया गया तो अंदर भूरारानी निवासी गौरव साहू एक महिला के साथ आपत्तिजनक अवस्था में पाया गया। पूछताछ में गौरव ने कुबूल किया कि उसने काउन्टर पर 1000 रुपये देकर अनैतिक कार्य के लिए कमरे की बुकिंग की थी। काउन्टर पर मौजूद महिला जैनी ने खुलासा किया कि स्पा का मालिक राजू सिंह निवासी मैट्रोपोलिस और मैनेजर मोहम्मद शकील निवासी फरीदाबाद, हरियाणा ग्राहकों से मोटी रकम वसूलते थे, जिसमें से महिलाओं को केवल 200 रुपये थमाए जाते थे। पुलिस ने यहां से 3700 रुपये नकद सहित आपत्तिजनक सामान बरामद किया। यहां से कुल 4 महिलाओं को रेस्क्यू किया गया, जिन्होंने गरीबी और पारिवारिक मजबूरियों के चलते इस दलदल में फंसने की बात कही। पुलिस अब फरार मालिक राजू सिंह और मैनेजर शकील की तलाश कर रही है। वहीं दूसरी बड़ी कार्रवाई प्रभारी निरीक्षक मनोज रतूड़ी की टीम ने भूरारानी रोड स्थित पिंक डायमंड स्पा में की। पुलिस के घुसते ही काउन्टर पर बैठा अरशद निवासी दिल्ली पुलिस को देख शोर मचाने लगा। टीम ने तुरंत घेराबंदी कर उसे दबोच लिया। तलाशी के दौरान एक कमरे में सूरज राठौर निवासी बरेली एक युवती के साथ नग्न अवस्था में मिला। पीड़िता ने पुलिस को बताया कि स्पा मालिक गुरमीत सिंह उर्फ गोपी उससे जबरन वैश्यावृत्ति करवा रहा था और प्रति ग्राहक 2000 रुपये वसूले जा रहे थे। पुलिस ने मौके से अरशद खान, रोहित छाबड़ा निवासी इंद्रा कॉलोनी और ग्राहक सूरज राठौर को गिरफ्तार किया। रोहित छाबड़ा पहले भी अनैतिक व्यापार के मामले में जेल जा चुका है और वह इस स्पा के लिए ग्राहक ढूंढने और रुपयों का हिसाब रखने का काम करता था। यहां से पुलिस ने 2250 रुपये नकद, आईफोन सहित 3 मोबाइल फोन और एंट्री रजिस्टर और आपत्तिजनक सामान बरामद किया। इस सेंटर से दिल्ली, पीलीभीत, सीतापुर और पश्चिम बंगाल की रहने वाली कुल 5 महिलाओं को रेस्क्यू किया गया। क्षेत्रधिकारी नगर प्रशांत कुमार के निर्देशन में हुई इस छापेमारी में वरिष्ठ उपनिरीक्षक केसी आर्या, उपनिरीक्षक सुरेंद्र सिंह, जितेन्द्र खत्री, अकरम अहमद, कीर्ती भट्टð, दीपक बहुगुणा, महिला कांस्टेबल चांदनी मेहरा, प्रियंका कोरंगा, गंगा आर्या और ममता मेहरा सहित भारी पुलिस बल शामिल रहा। पुलिस ने सभी अभियुक्तों के खिलाफ भारतीय न्याय संहिता की धारा 143 और अनैतिक व्यापार निवारण अधिनियम की धाराओं 3/4/5/6 के तहत मुकदमा दर्ज किया है। रेस्क्यू की गई महिलाओं को सुरक्षा की दृष्टि से महिला बैरक में रखा गया है, जिन्हें काउंसलिंग के बाद परिजनों के सुपुर्द किया जाएगा। पुलिस की इस कार्रवाई से शहर के अन्य स्पा संचालकों में हड़कंप मचा हुआ है। इसके अलावा पुलिस ने आपरेशन प्रहार के तहत कई अन्य स्पा सेंटरों पर भी छापेमारी की। एंटी ह्यूमन ट्रैफिकिंग यूनिट की टीम आवास विकास क्षेत्र स्थित एक थाई स्पा सेंटर पहुंची, जहां कई युवतियां मौजूद मिलीं। पुलिस ने उनसे आवश्यक दस्तावेज मांगे, लेकिन संतोषजनक कागजात प्रस्तुत नहीं किए जा सके। हालांकि यहां पर मौके से कोई आपत्तिजनक सामग्री बरामद नहीं हुई, लेकिन नियमों के उल्लंघन के चलते स्पा सेंटर के खिलाफ चालानी कार्रवाई की गई। इसके बाद टीम मेट्रोपोलिस मॉल स्थित एक अन्य स्पा सेंटर पर पहुंची, जहां सेंटर बंद मिला। पुलिस द्वारा संपर्क करने का प्रयास किया गया, लेकिन संचालक से कोई जवाब नहीं मिला। इस पर टीम ने कटर की मदद से ताला तोड़कर अंदर प्रवेश किया और जांच शुरू की। पुलिस के पहुंचने से पहले ही संचालक फरार हो गया। सूचना मिलते ही एसडीएम और तहसीलदार सहित अन्य प्रशासनिक अधिकारी भी मौके पर पहुंच गए। पुलिस ने स्पा सेंटर के अंदर मौजूद रजिस्टर और अन्य दस्तावेजों को कब्जे में लेकर गहन जांच शुरू कर दी है। फिलहाल मामले की जांच जारी है और जांच के आधार पर आगे की कार्रवाई की जाएगी। पुलिस की इस कार्रवाई से शहर के स्पा सेंटर संचालकों में हड़कंप है।
