September 3, 2026

Uttaranchal Darpan

Hindi Newsportal

सीपीयू ने फल विक्रेताओं के काटे पांच पांच सौ के चालान

सीपीयू ने फल विक्रेताओं के काटे पांच पांच सौ के चालान
रुद्रपुर। सब्जी मंडी के समीप फल विक्रेताओं को सीपीयू की बड़ी कार्यवाही का सामना करना पड़ा है। प्रातः सब्जी मंडी के सामने स्थित फल मंडी पहुंचे सीपीयू दल ने फल विक्रेताओं को 15- 15 मीटर की दूरी पर ठेली ना लगाने पर 10 से अधिक ठेलियों का रुपये 500 का चालान कर दिया । कई फल विक्रेताओं ने यह भी बताया की जुर्माना ना देने पर सीपीयू दल द्वारा उनके कांटे बांट भी जब्त कर लिए गए हैं । मौके पर पहुंचे कांग्रेस जिला महासचिव सुशील गाबा ने ठेला फल विक्रेताओं से बातचीत की और उनकी पीड़ाओं को जाना । श्री गाबा ने 15 मीटर की दूरी के नियम को अव्यवहारिक बताते हुए गरीब ठेली वालों का घ्500 का चालान एवं जुर्माना बहुत अधिक करार दिया और इस विषय पर जिला प्रशासन व पुलिस प्रशासन को पत्र सौपनें का निर्णय लिया। कांग्रेस जिला महासचिव सुशील गाबा ने कहा कि करोना काल के दौरान पुलिस प्रशासन में अनेकों जगह बहुत बढ़िया कार्य किया है। इससे क्षेत्र की जनता को बहुत लाभ पहुंचा एवं क्षेत्र की जनता ने बहुत तारीफ भी की है , लेकिन आज सीपीयू ने लाॅक डाउन खुलने के बाद जैसे तैसे गुजर बसर कर अपना जीवन यापन करने का प्रयास कर रहे फल विक्रेताओं को एक दूसरे से न्यूनतम 15 मीटर की दूरी पर खड़ा करने का व्यवहारिक नियम लागू करने का प्रयास किया है। जबकि वास्तव में ना तो सब्जी मंडी में ही और ना ही फल मंडी और बाजार में इतनी जगह है कि इन ठेलियों को 15 मीटर की दूरी पर खड़ा कराया जा सके। इसके अतिरिक्त रुद्रपुर में कोई वेंडर जोन भी नहीं है, जहां पर इन ठेलियों को जगह दी जा सके। ऐसे में ठेलियों को एक दूसरे से 15 मीटर की दूरी पर खड़ा किया जाना जमीनी धरातल पर संभव नहीं है। जिला महासचिव श्री गाबा ने आगे कहा कि सीपीयू द्वारा गरीब फल विक्रेताओं का पांच 500 का चालान बहुत ज्यादा है ।यह गरीब मेहनतकश लोग बहुत इमानदारी से पूरे दिन भारी गर्मी में खड़ा होकर एवम अपना पसीना बहाकर बमुश्किल घ्500 ही कमा पाते हैं। वह अपने पूरे परिवार के चलाने की जिम्मेदारी इसी घ्500 से निभाते हैं और यदि इन फल विक्रेताओं पर घ्500 का जुर्माना हो जाता है तो यह भी मुमकिन है कि उन्हें व उनके परिवार को बहुत कष्टप्रद दिन गुजारना पड़ेगा । इसलिए मानवता के हित में इस जुर्माने को कम किया जाना चाहिए। जुर्माना ना भरे जानें पर सीपीयू द्वारा कांटे बांट आदि जब्त कर लिए जाने को भी उन्होंने अनुचित ठहराते हुए कहा कि सुबह-सुबह जब फल विक्रेता सब्जी मंडी से फल खरीद कर लाता है तो उसके पास पैसे नहीं होते। इसलिए उनके कांटे बांट जब्त करने के बजाए जुर्माना भुगतान हेतु समय भी देना चाहिए था। कांग्रेस जिला महासचिव सुशील गाबा ने कहां कि वह जिला प्रशासन एवं पुलिस प्रशासन को पत्र लिखकर इस अव्यवहारिक नियम को समाप्त करने एवं फल विक्रेताओं को जीवन यापन सुनिश्चित करने हेतु पत्र लिखेंगे।

Leave a Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *