डैमोग्राफी चेंज का प्रयास करने के तीन आरोपी गिरफ्तार: फर्जी तरीके से स्थाई निवास प्रमाण पत्र बनवाकर किया उपयोग
हल्द्वानी । पुलिस ने डेमोग्राफी चेंज करने का प्रयास करने के मामले में कार्रवाई करते हुए तीन आरोपियों को गिरफ्तार कर लिया। मामले का खुलासा करते हुए एसएसपी मंजूनाथ टीसी ने बताया कि 14 नवंबर 2025 को कुलदीप पाण्डे, तहसीलदार हल्द्वानी द्वारा दी गई लिखित तहरीर के आधार पर थाना बनभूलपुरा में मुकदमा पंजीकृत किया गया। उत्तराखण्ड में फर्जी तरीके से स्थाई निवास प्रमाण पत्र बनवाकर सुनियोजित तरीके से डेमोग्राफी चेंज करने के प्रकरण में सम्मिलित अभियुक्तों की गिरफ्तारी हेतु आवश्यक दिशा निर्देश प्रेषित किए गए।उन्होंने बताया कि इस प्रकरण में त्वरित एवं प्रभावी कार्रवाई करते हुए तीन संदिग्ध व्यक्तियों को पूछताछ के लिए हिरासत में लिया गया। पूछताछ करने पर उन्होंने अपना नाम पता मो0 फैजान पुत्र फुरकान निवासी गोपाल मंदिर के पास, मुस्तफा चौक, नई बस्ती, बनभूलपुरा, रईस अहमद पुत्र अब्दुल हमीद निवासी वार्ड 26, नई बस्ती, आस्ताना मस्जिद के पास, बनभूलपुरा और दिनेश सिंह दासपा पुत्र गोकरण सिंह, निवासी धामीपुरा, थाना मुन्स्यारी, जनपद पिथौरागढ़, हाल निवासी सरकारी क्वार्टर, विद्युत विभाग, हाईडिल गेट, काठगोदाम व स्वयं को विद्युत विभाग में टेक्निकल ग्रेड द्वितीय बताया। एसएसपी ने कहा कि पूछताछ में अभियुक्तों द्वारा कई महत्वपूर्ण खुलासे भी किए गए।अभियुक्त फैजान ने स्वीकार किया कि इल्मा, पुत्री रईस अहमद द्वारा दिये गए जाति प्रमाण पत्र हेतु दस्तावेजों का दुरुपयोग करते हुए, रईस अहमद के नाम से फर्जी स्थाई निवास प्रमाण पत्र तैयार कराया गया एवं इस प्रकार के अन्य कार्य भी उसके द्वारा किये गये।रईस अहमद ने भी माना कि उसने फर्जी स्थाई निवास बनवाने हेतु फैजान को आर्थिक लाभदिया, यह जानते हुए भी कि दिये गए दस्तावेजों के आधार पर प्रमाणपत्र बनना संभव नहीं है. उसने गलत दस्तावेजों का उपयोग किया और फर्जी स्थाई निवास प्रमाण पत्र का प्रयोग कर उसने अपना मैरिज सर्टिफिकेट भी बनवाया। वहीं अभियुक्त दिनेश ने बताया कि वह उत्तराखंड पावर कॉर्पोरेशन तिकोनिया कार्यालय में टेक्निकल ग्रेड द्वितीय के पद पर तैनात है। फैजान पिछले एक वर्ष से उससे संपर्क में था, और फैजान के कहने पर वह 15 वर्ष पुराने बिजली कनेक्शन की जानकारी व बिलों की स्टाम्प युक्त प्रतियां उपलब्ध कराता था, जिन्हें फैजान प्रमाणपत्र बनाने में उपयोग करता था। प्रति बिल 500 रुपए प्राप्त करने की बात भी स्वीकार की। गिरफ्तारी एवं कार्रवाई करने वाली टीम में बनभूलपुरा थानाध्यक्ष सुशील जोशी, उप निरीक्षक जगवीर सिंह, मनोज यादव, हेकानि. रमेश काण्डपाल,का. शितम कुमार शामिल थे।
