August 17, 2026

Uttaranchal Darpan

Hindi Newsportal

बंदूक लेकर घूम रहे हत्यारोपी से आखिर क्याें नहीं हुई पूछताछ

हल्द्वानी। कालाढूंगी चौराहे पर व्यापारी कुश बख्शी की हत्या के मामले में बड़ा हैरान करने वाला वाक्या सामने आया है। हत्याकांड से आधे घंटे पहले ट्रैफिक पुलिस व पुलिस कर्मी वहां तैनात रहे। यातायात में बाधा पहुंचाने का हवाला देते हुए ट्रैफिक पुलिस व पुलिस ने मौके से व्यापारी कुश बख्शी के दो होर्डिग बोर्ड भी उठाए। इस दौरान वहां तीन वाहनों का चालान भी किया। मगर हैरानी की बात यह है कि आधे घंटे तक बंदूक लेकर घूम रहे हत्यारोपी मोहन सिंह रावत से पूछताछ करने की जरूरत भी नहीं समझी। जबकि बताया जाता है कि हत्यारोपी आधे घंटे तक सिंगल बैरल की बंदूक और आठ कारतूस लेकर वहां घूमता रहा। यातायात निरीक्षक महेश चंद्रा ने मौके से व्यापारी कुश बख्शी की दुकान गौरी मां इलेक्ट्रानिक के दो बड़े होर्डिग बोर्ड यातायात में बाधा पहुंचाने का हवाला देते हुए जब्त भी किए। वह इस दौरान मौके पर वाहन चेकिंग भी करते रहे और तीन लोगों के चालान भी काटे। बताते हैं कि इस दौरान हत्यारोपी मोहन सिंह रावत बंदूक लेकर वहां घूमता रहा लेकिन पुलिस कर्मियों ने उससे पूछताछ करने की आवश्य कता नहीं समझी। यातायात पुलिस व पुलिस के हटते ही मोहन सिंह रावत दुकान में घुसा और उसने व्यापारी के कान में सटाकर बंदूक चला दी। यातायात निरीक्षक महेश चंद्रा ने बताया कि गोली की आवाज सुनते ही वह मौके पर पहुंचे। लोगों ने हत्यारोपी को पकड़ लिया था। वह उसकी पिटाई कर रहे थे लेकिन किसी ने घायल व्यापारी कुश बख्शी को अस्पताल ले जाने की आवश्यकता नहीं समझी। पुलिस ने मौके से पूर्व सैनिक को लाइसेंसी बंदूक व सात जिंदा कारतूस के साथ दबोचा। बताते हैं कि यदि सैनिक पकड़ा नहीं जाता तो वह और बड़ी घटना को अंजाम देता। इस मामले में पुलिस ने हत्यारोपी पूर्व सैनिक को गिरफ्रतार कर जेल भेज दिया। हत्यारोपी ने पुलिस पूछताछ में बताया कि वह मोबाइल ठीक कराने के लिए व्यापारी कुश बख्शी की दुकान के चक्कर काट रहा था। व्यापारी ने दिन में 11 बजे ही उसे बैटरी दी थी लेकिन वह चार्ज नहीं हो रही थी। दो बार उसे मोबाइल मरम्मत के नाम पर दौड़ाया। इस दौरान विवाद भी हुआ और उसने मोबाइल वहीं पटक दिया था। बताते हैं कि मोबाइल पटकने से मोबाइल कुश बख्शी के स्वर्गीय पिता की तस्वीर में जा लगा और तस्वीर का शीशा टूट गया। जिसके बाद व्यापारी कुश बख्शी व उसके नौकरों तथा आसपास के दुकानदारों ने उसकी जमकर पिटाई की। उसके कपड़े फाड़ दिए कोई उसे बचाने नहीं आया। इसी बेइज्जती का बदला लेने के लिए उसने घटना को अंजाम दिया। इस मामले में व्यापारी कुश बख्शी के भाई लव बख्शी की तहरीर पर पुलिस ने हत्यारोपी मोहन सिंह रावत निवासी काफलीगांव बुहाला गांव के खिलाफ हत्या का मुकदमा दर्ज कर उसे अदालत में पेश किया। जहां से उसे जेल भेज दिया। मामले की विवेचना कोतवाल केआर पांडे कर रहे हैं।

Leave a Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *