मैं कांग्रेसी थी, हूं और हमेशा रहूंगी : निष्कासन के बाद भावना नगरकोटी का बड़ा बयान, बोलीं- मुझे कांग्रेस से कोई नहीं निकाल सकता, मेरी आत्मा में कांग्रेस बसती है
पिथौरागढ़ कांग्रेस में हलचल तेज,तीन नेताओं पर बड़ा अनुशासनात्मक एक्शन
पिथौरागढ़। उत्तराखंड प्रदेश कांग्रेस कमेटी द्वारा पार्टी विरोधी गतिविधियों के आरोप में छह वर्ष के लिए निष्कासित किए जाने के बाद पूर्व महिला जिला कांग्रेस अध्यक्ष भावना नगरकोटी ने पार्टी की कार्रवाई पर कड़ी प्रतिक्रिया व्यक्त की है। उन्होंने कांग्रेस की अनुशासनात्मक कार्रवाई को अनुचित बताते हुए कहा कि कुछ फर्जी कांग्रेस नेताओं के कहने पर यह निर्णय लिया गया है और निष्ठावान कार्यकर्ताओं का पक्ष तक नहीं सुना गया। भावना नगरकोटी ने कहा कि उनके नेता राहुल गांधी और प्रियंका गांधी हैं तथा वह स्वतंत्रता सेनानी परिवार से आती हैं। उन्होंने कहा, देश के लिए बलिदान देने वालों का खून मेरी रगों में बहता है। मुझे कांग्रेस से कोई ताकत नहीं निकाल सकती। कांग्रेस मेरी आत्मा में बसती है। मेरे अंदर से कांग्रेस की विचार को कैसे निकालोगे। कैसे महात्मा गांधी और जवाहर लाल नेहरू को कैसे निकालोगे। मैं कांग्रेसी थी, हूं और हमेशा रहूंगी। उन्होंने आरोप लगाया कि पार्टी कार्यक्रम के दौरान उन्होंने अपने विचार मर्यादित तरीके से रखे थे, जिसे अनुशासनहीनता नहीं कहा जा सकता। कोई पार्टी विरोधी गतिविधि नहीं की है ।निकाय चुनाव के दौरान अपने साथ हुए कथित अन्याय का मुद्दा उठाने पर उनके खिलाफ कार्रवाई की गई, जबकि उन्होंने सवाल उठाया कि विधायक द्वारा पार्टी के खिलाफ निर्दलीय उम्मीदवार उतारने के बावजूद कोई कार्रवाई क्यों नहीं की गई।
उत्तराखंड प्रदेश कांग्रेस कमेटी ने पार्टी विरोधी गतिविधियों के आरोप में तीन नेताओं पर बड़ा अनुशासनात्मक एक्शन लिया है। प्रदेश कांग्रेस महामंत्री (संगठन) राजेन्द्र सिंह भंडारी द्वारा जारी पत्र के अनुसार पूर्व जिला कांग्रेस अध्यक्ष महेन्द्र लुंठी, पूर्व महिला जिला कांग्रेस अध्यक्ष भावना नगरकोटी और दीपक लुंठी को छह वर्ष के लिए पार्टी की प्राथमिक सदस्यता से निष्कासित कर दिया गया है। इस कार्रवाई के बाद पिथौरागढ़ की कांग्रेस राजनीति में हलचल तेज हो गई है। वहीं, भावना नगरकोटी ने स्पष्ट किया है कि वह स्वयं को आज भी कांग्रेस का समर्पित कार्यकर्ता मानती हैं और पार्टी से उनका वैचारिक संबंध कायम रहेगा।
