कैप्टन अजय पंत प्रकरण में भारतीय उच्चायोग लगातार सक्रिय: मुख्यमंत्री के अनुरोध पर लंदन स्थित उच्चायोग कर रहा निगरानी
देहरादून । यूनाइटेड किंगडम में न्यायिक हिरासत में रखे गए उत्तराखंड निवासी कैप्टन अजय पंत के मामले में भारत का लंदन स्थित उच्चायोग लगातार सक्रिय भूमिका निभा रहा है। मुख्यमंत्री पुष्कर सिंह धामी के अनुरोध पर उच्चायोग मामले की सतत निगरानी कर रहा है और इस संबंध में मुख्यमंत्री को विस्तृत जानकारी भी उपलब्ध कराई गई है। उच्चायोग की ओर से भेजी गई जानकारी के अनुसार कैप्टन अजय पंत वर्तमान में एचएमपी विनचेस्टर जेल में न्यायिक हिरासत में हैं। 19 जून 2026 को उच्चायोग ने जेल की टेलीफोन व्यवस्था के माध्यम से उनसे संपर्क किया। बातचीत के दौरान कैप्टन पंत ने स्वयं को स्वस्थ बताया और कहा कि उन्हें जेल में आवश्यक चिकित्सा सुविधाएं उपलब्ध कराई जा रही हैं। उन्होंने यह भी बताया कि उनका अपनी पत्नी से नियमित संपर्क बना हुआ है। उच्चायोग ने मुख्यमंत्री को अवगत कराया कि इस मामले को यूनाइटेड किंगडम के विदेश, राष्ट्रमंडल एवं विकास कार्यालय के समक्ष भी उठाया गया है, ताकि कैप्टन पंत को समयबद्ध कांसुलर सहायता उपलब्ध कराई जा सके तथा उनकी सुरक्षा, स्वास्थ्य और अधिकारों का पूर्ण संरक्षण सुनिश्चित हो सके। पत्र में यह भी बताया गया है कि भारतीय उच्चायोग कैप्टन पंत की पत्नी, उनके नियोक्ता एनर्जियोस मैरीटाइम प्राइवेट लिमिटेड, कानूनी प्रतिनिधियों तथा अन्य संबंधित पक्षों के साथ लगातार संपर्क बनाए हुए है। कंपनी ने कैप्टन पंत को कानूनी सहायता उपलब्ध कराने तथा उनके परिवार को हरसंभव सहयोग देने का आश्वासन दिया है। उच्चायोग के अनुसार कैप्टन पंत को न्यायालय में पेश किए जाने के बाद न्यायिक हिरासत में भेजा गया है। मामले की अगली सुनवाई 16 जुलाई 2026 को निर्धारित की गई है। उच्चायोग ने भरोसा दिलाया है कि कैप्टन पंत और उनके परिवार को आवश्यक कांसुलर सहायता एवं सहयोग लगातार उपलब्ध कराया जाता रहेगा। मुख्यमंत्री पुष्कर सिंह धामी ने कहा कि राज्य सरकार अपने नागरिकों के हितों के प्रति पूरी तरह संवेदनशील है। उन्होंने बताया कि कैप्टन अजय पंत के मामले में राज्य सरकार भारत सरकार, विदेश मंत्रालय तथा भारतीय उच्चायोग के साथ निरंतर संपर्क बनाए हुए है। मुख्यमंत्री ने विश्वास व्यक्त किया कि सभी संबंधित एजेंसियां समन्वित रूप से कार्य करते हुए कैप्टन पंत को आवश्यक सहायता उपलब्ध कराने के लिए लगातार प्रयासरत हैं।
