Uttaranchal Darpan

Hindi Newsportal

स्यानाचट्टी में बनी झील का मुहाना खुलने से दिखने लगे जलमग्न हुए होटल ओर मकान

उत्तरकाशी। उत्तरकाशी में स्यानाचट्टी में झील में पानी का जलस्तर कम हुआ है। शासन- प्रशासन और जनता के लिए राहत की खबर है। बडकोट में यमुनोत्री धाम सहित आसपास अतिवृष्टि के कारण यमुना नदी ने रौद्र रूप ले लिया था। बड़कोट तहसील के स्यानाचट्टी में शुक्रवार देर रात्री में हुई बारिश के बाद यमुना के जलस्तर बढ़ने के बाद उसके तेज प्रवाह ने झील का मुहाना खोल दिया। उसके बाद वहां पर करीब चार फीट पानी कम हुआ ओर यमुनोत्री हाईवे का पुल अब आवाजाही शुरू हो गई है। वहीं जलमग्न हुए होटल ओर आवासीय भवनों से पानी कम हुआ है। लेकिन अभी भी वहां सभी घरों में मलबा ओर रेत भरी हुई है. साथ ही अभी भी एक दो होटलों में नदी का पानी आने खतरा बना हुआ है। इसके साथ ही कुपड़ा खड्डे में लगातार पानी आ रहा है ओर वहां पर दोबारा मलबा ओर बोल्डर आने का खतरा बना हुआ है। वहीं नदी के मुहाने पर जमा मलबे को हटाने के लिए मशीन भी वहां नहीं पहुंच पाई है। स्थानीय लोगों ने प्रशासन पर अनदेखी का आरोप लगाया। वहीं विधायक संजय डोभाल ने कहा देरी तो हुई है. लेकिन जिलाधिकारी के नेतृत्व में पूरी टीम मौके पर मौजूद है। वहीं सीएम से आपदा प्रभावितों के लिए विशेष पैकेज की मांग की जाएगी। यमुनोत्री धाम से यमुना नदी अपने रौद्र रूप के साथ आगे बढ़ती चली गई। कुदरत की महिमा के चलते सिस्टम ने राहत की सांस ली है। जिलाधिकारी प्रशांत आर्य ने एन एच के अधिकारियों के साथ शनिवार को स्यानाचट्टठ्ठी से आगे यमुनोत्री राष्ट्रीय राजमार्ग का निरीक्षण किया। इस दौरान जिलाधिकारी ने मार्ग पर भूधंसाव और भूस्खलन के प्रति संवेदनशील स्थानों का निरीक्षण कर संबंधित विभागों को सभी जरूरी इंतेजाम सुनिश्चित करने के निर्देश दिए। गौरतलब है कि सीएम पुष्कर सिंह धामी ने स्यानचट्टी में बनी झील से प्रभावित लोगों के राहत और बचाव कार्य के लिए आपदा प्रबंधन सचिव को हिर संभव प्रयास करने के निर्देश दिये थे।

Leave a Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *