किच्छा और सिरौलीकलां नगरपालिका चुनाव कार्यक्रम जारी: नगर पालिका चुनाव में 52,240 मतदाता अपने मताधिकार का प्रयोग करेंगे
22 सितम्बर को होगा मतदान, 24 सितंबर को आएगा परिणाम
किच्छा । किच्छा नगरपालिका और सिरौलीकलां नगर पालिका के चुनाव का रास्ता साफ हो गया है। राज्य निर्वाचन आयोग की ओर से चुनाव कार्यक्रम जारी किए जाने के बाद दोनों निकायों में चुनावी सरगर्मियां तेज हो गई हैं। दोनों निकायों में 22 सितंबर को मतदान होगा, जबकि 24 सितंबर को मतगणना के बाद चुनाव परिणाम घोषित किया जाएगा। चुनाव कार्यक्रम के अनुसार 10 और 11 सितंबर को नामांकन पत्र दाखिल किए जाएंगे। वर्ष 2018 के बाद पहली बार दोनों निकायों में चुनाव होने जा रहे हैं। चुनाव की तारीख घोषित होने के साथ ही किच्छा और सिरौलीकलां क्षेत्र में राजनीतिक गतिविधियां बढ़ गई हैं। संभावित प्रत्याशियों ने जनसंपर्क तेज कर दिया है। विभिन्न राजनीतिक दलों के साथ ही निर्दलीय दावेदार भी अपनी तैयारियों में जुट गए हैं। लंबे समय से चुनाव का इंतजार कर रहे लोगों में भी चुनाव कार्यक्रम घोषित होने के बाद उत्साह दिखाई दे रहा है। चुनाव कार्यक्रम के मुताबिक 10 और 11 सितंबर को सुबह 10 बजे से दोपहर बाद तक नामांकन पत्र दाखिल किए जाएंगे। नामांकन पत्रों की जांच 12 सितंबर को होगी, जबकि 13 सितंबर को नाम वापसी की प्रक्रिया पूरी की जाएगी। इसके बाद प्रत्याशियों की अंतिम सूची जारी की जाएगी। 22 सितंबर को मतदान और 24 सितंबर को मतगणना कर परिणाम घोषित किया जाएगा। सिरौलीकलां नगर पालिका के चुनाव को लेकर भी लोगों में खासा उत्साह है। नगर पालिका चुनाव में 52,240 मतदाता अपने मताधिकार का प्रयोग करेंगे। इनमें 25,207 महिला और 27,029 पुरुष मतदाता शामिल हैं। नगर क्षेत्र में मतदान के लिए मतदान केंद्र और बूथ निर्धारित किए जाएंगे। चुनाव को शांतिपूर्ण एवं निष्पक्ष ढंग से संपन्न कराने के लिए प्रशासन की ओर से तैयारियां शुरू कर दी गई हैं। वर्ष 2018 में हुए निकाय चुनाव के बाद से दोनों क्षेत्रों में चुनाव को लेकर स्थिति स्पष्ट नहीं हो पाई थी। निकायों के गठन, परिसीमन और अन्य प्रक्रियाओं के चलते चुनाव लंबे समय तक टलते रहे। अब राज्य निर्वाचन आयोग की अधिसूचना जारी होने के बाद चुनाव का रास्ता साफ हो गया है। इससे राजनीतिक दलों के साथ ही संभावित प्रत्याशियों ने भी अपनी गतिविधियां तेज कर दी हैं। किच्छा के विधायक तिलकराज बेहड़ ने चुनाव कार्यक्रम घोषित होने का स्वागत करते हुए कहा कि चुनाव कराए जाने का फैसला स्वागत योग्य है, लेकिन लंबे समय तक चुनाव नहीं कराने से क्षेत्र की जनता में निराशा रही है। उन्होंने कहा कि लोकतंत्र में जनता को अपने प्रतिनिधि चुनने का अधिकार है और इस अधिकार को लंबे समय तक टालना उचित नहीं है। बेहड़ ने कहा कि यदि सरकार ने पहले ही समय पर चुनाव करा दिए होते तो स्थानीय निकायों का विकास और जनहित से जुड़े कार्य अधिक प्रभावी ढंग से आगे बढ़ सकते थे। उन्होंने कहा कि अब चुनाव की घोषणा हो चुकी है तो सरकार और प्रशासन को निष्पक्ष एवं पारदर्शी तरीके से पूरी प्रक्रिया संपन्न करानी चाहिए। उन्होंने कहा कि कांग्रेस चुनाव के लिए पूरी तरह तैयार है और जनता के बीच अपने मुद्दों के साथ जाएगी।
