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अरविंद पांडे के खिलाफ नामधारी-कंबोज ने खोला मोर्चा,बोले पार्टी से बाहर निकालो

काशीपुर। अल्पसंख्यक आयोग के पूर्व अध्यक्ष सुखदेव सिंह नामधारी और गदरपुर के पूर्व पालिकाध्यक्ष सुरेंद्र कंबोज ने पांच बार के विधायक व पूर्व शिक्षा मंत्री अरविंद पांडे के खिलाफ खुलकर मोर्चा खोल दिया है।बुधवार अपराह्न रामनगर रोड स्थित एक होटल के सभागार में पत्रकारों से बातचीत करते हुए अखिल भारतीय कंबोज महासभा के राष्ट्रीय महामंत्री सुरेंद्र कंबोज ने गदरपुर विधायक अरविंद पांडे पर तीखे आरोप लगाए। उन्होंने पांडे को “शातिर किस्म का व्यक्ति” बताते हुए कहा कि “जिस थाली में खाया, उसी में छेद करना उनकी फितरत है।” कंबोज ने आरोप लगाया कि अरविंद पांडे पर 25 से 30 गंभीर आपराधिक मामले दर्ज हैं और उन्होंने जनपद ऊधम सिंह नगर ही नहीं, बल्कि पूरे उत्तराखंड में कई स्थानों पर सरकारी व निजी जमीनों पर अवैध कब्जे किए हैं। उन्होंने कहा कि अरविंद पांडे की राजनीतिक पहचान बनाने में सुखदेव सिंह नामधारी का बड़ा योगदान रहा है। बाजपुर से दो बार और गदरपुर से तीन बार चुनाव जीतने का श्रेय भी नामधारी को जाता है। इसके बावजूद पांडे अपने राजनीतिक गुरु के साथ विश्वासघात कर रहे हैं। कंबोज ने यह भी आरोप लगाया कि पांडे पार्टी कार्यकर्ताओं के बीच फूट डालने का काम कर रहे हैं और अब काशीपुर को भी अपना अगला केंद्र बना लिया है। उन्होंने कहा कि इसी कारण वे और नामधारी पूरे जिले में पांडे की कथित गलत गतिविधियों के खिलाफ अभियान चला रहे हैं, ताकि युवा उनके बहकावे में न आएं।उन्होंने कहा कि भाजपा में रहकर सरकार और संगठन के खिलाफ काम करना अनुशासन हीनता है। आरोप लगाया कि विधानसभा और लोकसभा चुनावों में भी पांडे ने अपने ही पार्टी प्रत्याशियों को नुकसान पहुंचाने का प्रयास किया।कंबोज ने कहा कि पांडे “यूज एंड थ्रो” की नीति पर काम करते हैं और अनजान लोगों को आसानी से अपने प्रभाव में ले लेते हैं। उन्होंने कहा कि उनका उद्देश्य लोगों को गुमराह होने से बचाना है। उद्यमी अनूप अग्रवाल के मामले का जिक्र करते हुए कंबोज ने कहा कि पांडे ने मीडिया के सामने भ्रामक बयान दिए, जबकि अग्रवाल के खिलाफ कई आपराधिक मामले न्यायालय में लंबित हैं। उन्होंने आरोप लगाया कि पांडे ने पहले संवेदना जताने का नाटक किया और बाद में पूरे मामले को अलग दिशा देने की कोशिश की। कंबोज ने कहा कि अब समाज अरविंद पांडे की “वास्तविकता” समझ चुका है और उनका असली चेहरा जनता के सामने आ चुका है।

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