सितारगंज में बर्ड फ्लू की पुष्टि,एक किमी क्षेत्र को संक्रमित घोषित किया
सितारगंज/रुद्रपुर। भारत सरकार द्वारा बर्ड फ्लू ;एवियन इन्फ्लुएंजा को केन्द्रीय अधिनियम प्रिवेंशन एंड कंट्रोल ऑफ इंफेक्शियस एनिमल डिजीज एक्ट, 2009 की धारा 2 एवं 38 के अंतर्गत अधिसूचित पक्षीरोग घोषित किया गया है। इसी क्रम में उधमसिंहनगर जिले के सितारगंज तहसील क्षेत्र के ग्राम बैकुण्ठपुर स्थित एक मुर्गीफार्म में बर्ड फ्लू की पुष्टि हुई है। जानकारी के अनुसार, 21 अगस्त की सुबह मुर्गीफार्म में बड़ी संख्या में कुक्कुट पक्षियों की अचानक असामान्य मौत हो गई थी। उत्तराखण्ड सरकार के दिशा-निर्देशों के अनुरूप, मुर्गियों के सैंपल एकत्र कर जांच के लिए नेशनल इंस्टिटयूट ऑफ हाई सिक्योरिटी एनिमल डिजीज, भोपाल भेजे गए। 23 अगस्त को प्राप्त लैब रिपोर्ट में बर्ड फ्लू की पुष्टि होने पर जिला प्रशासन तुरंत सक्रिय हो गया। जिला अधिकारी ने अधिनियम की धारा 20 के तहत, संबंधित मुर्गीफार्म को केंद्र बिंदु मानते हुए ‘एक किलोमीटर परिधि को संक्रमित क्षेत्र’ तथा दस किलोमीटर परिधि को सतर्कता क्षेत्रघोषित कर दिया है। 24 अगस्त को जिला प्रशासन, राजस्व विभाग, पशुपालन विभाग, नगर निकाय शक्तिगढ़ एवं पुलिस विभाग की संयुक्त टीम ने कार्रवाई करते हुए मुर्गीफार्म की सभी 1,708 मुर्गियों का नियमानुसार निस्तारण किया और पूरे परिसर का सैनिटाइजेशन कराया। भारत सरकार की गाइडलाइन के अनुसार, आगामी तीन महीनों तक दस किलोमीटर परिधि वाले क्षेत्र को निगरानी में रखा जाएगा। इस दौरान नमूनों की नियमित जांच की जाएगी और लगातार निगेटिव रिपोर्ट प्राप्त होने के बाद ही क्षेत्र को बर्ड फ्लू मुक्त घोषित किया जाएगा। जिला अधिकारी ने निर्देश दिए हैं कि स्वास्थ्य विभाग की टीमें आने वाले दिनों में नियमित मॉनिटरिंग करेंगी। साथ ही आसपास के क्षेत्रों में मुर्गी पालकों को जागरूक करने और सतर्कता
संबंधी विशेष अभियान चलाया जाएगा।
