रिटायर्ड बुजुर्ग को तीन दिन डिजिटल बंधक बना 20 लाख ठगे
हल्द्वानी । मुखानी थाना क्षेत्र अंतर्गत रिटायर्ड बुजुर्ग को साइबर अपराधियों ने डिजिटल अरेस्ट कर 20 लाख रुपए की ठगी करने का मामला प्रकाश में आया है। पुलिस ने घटना की रपट दर्ज कर जांच शुरू कर दी है। पुलिस के मुताबिक बड़ी मुखानी निवासी 80 वर्षीय बुजुर्ग धन सिंह बिष्ट रिटायर्ड कर्मचारी है। उन्हें साइबर अपराधियों ने मनी लॉन्ड्रिंग के कारण कानूनी पचड़े में फंसने का डर दिखाकर डिजिटल अरेस्ट कर दिया। इसे बाद उनसे 20 लाख रुपये की ठगी कर ली। पीड़ित ने मुखानी थाने में तहरीर दी। इसके बाद पुलिस मामले को रुद्रपुर स्थित साइबर क्राइम थाने में प्राथमिकी दर्ज की है। पीड़ित बुजुर्ग धन सिंह बिष्ट ने पुलिस को बताया कि इफको बरेली से सेवानिवृत्त होने के बाद वह पत्नी के साथ मुखानी के नरसिंह बाड़ी में रहते हैं। सात दिसंबर को उनके पास सुनीता नाम की महिला का फोन आया।महिला ने अपने आप को क्राइम ब्रांच दरियागंज की कर्मी बाते हुए कहा कि उनके आधार कार्ड से केनरा बैंक में खाता खुलने की बात कही। महिला का कहना था कि इस खाते से करोड़ो रुपए की मनी लॉन्ड्रिंग हो रही है और वह कानूनी पचड़े में फंस सकते हैं। महिला ने धमकाते हुए जांच पूरी होने तक किसी को कुछ नहीं बताते और घर में ही रहने के लिए कहा। साइबर अपराधियों ने उनको 7 दिसंबर से 9 दिसंबर तक घर में कैद रखा और सीबीआई और क्राइम ब्रांच के नाम पर लगातार वीडियो कॉल आए। डर की ही वजह से सात दिसंबर को रामनगर में आयोजित पारिवारिक विवाह समारोह में भी न जा सके। नौ दिसंबर को उन्होंने कुसुमखेड़ा के स्टेट बैंक की शाखा में जाकर दो एफडी तुड़वाई और 20 लाख रुपये साइबर अपराधियों द्वारा दिए गए खाते में ट्रांसफर किया। इसके बाद नौ दिसंबर को जब वह रामनगर रिश्तेदारी में गए तो परिजनों को उनके शक हुआ और पूछने पर उन्होंने पूरी बात बता दी। इसके बाद पीड़ित ने पूरे मामले में मुखानी थाने में तहरीर दी। मुखानी एसओ सुशील जोशी ने बताया कि तहरीर लेते हुए मामला पंतनगर साइबर थाना को भेजा गया है। आगे की कार्रवाई साइबर थाना द्वारा की जाएगी।
