SANTULAN बजट के सिद्धांतों पर मुख्यमंत्री पुष्कर सिंह धामी ने पेश किया 1.11 लाख करोड़ से अधिक का बजट
गैरसैंण। उत्तराखंड की ग्रीष्मकालीन राजधानी गैरसैंण में सोमवार से विधानसभा का बजट सत्र शुरू हो गया। मुख्यमंत्री पुष्कर सिंह धामी ने वित्तीय वर्ष 2026-27 के लिए 1,11,703.21 करोड़ रुपये का बजट सदन में पेश किया। यह बजट पिछले वर्ष की तुलना में करीब 11.41 प्रतिशत अधिक है। मुख्यमंत्री ने बजट को SANTULAN बजट बताते हुए कहा कि सरकार समावेशी विकास, आत्मनिर्भरता, नवाचार, कौशल विकास और पारदर्शिता के सिद्धांतों पर आगे बढ़ रही है।
SANTULAN बजट की थीम
सरकार ने बजट को SANTULAN नाम दिया है, जिसका अर्थ है—
- S – समावेशी विकास
- A – आत्मनिर्भरता
- N – नई सोच
- T – तीव्र विकास
- U – उन्नत गांव और शहर
- L – लोक सहभागिता
- A – आर्थिक शक्ति
- N – न्यायपूर्ण व्यवस्था
नारी सशक्तिकरण पर विशेष जोर
बजट में महिलाओं और बाल विकास से जुड़ी योजनाओं के लिए कई प्रावधान किए गए हैं। प्रमुख प्रावधान इस प्रकार हैं:
- नंदा गौरा योजना – 220 करोड़ रुपये
- प्रधानमंत्री मातृत्व वंदना योजना – 47.78 करोड़ रुपये
- मुख्यमंत्री बाल पोषण योजना – 25 करोड़ रुपये
- मुख्यमंत्री महालक्ष्मी किट योजना – 30 करोड़ रुपये
- मुख्यमंत्री महिला पोषण योजना – 13.44 करोड़ रुपये
- मुख्यमंत्री आंचल अमृत योजना – 15 करोड़ रुपये
- मुख्यमंत्री बाल एवं महिला बहुमुखी विकास निधि – 8 करोड़ रुपये
- निराश्रित विधवाओं की पुत्रियों के विवाह के लिए – 5 करोड़ रुपये
- अल्पसंख्यक मेधावी बालिका प्रोत्साहन योजना – 3.76 करोड़ रुपये
- महिला स्वयं सहायता समूह सशक्तिकरण योजना – 5 करोड़ रुपये
- ईजा-बोई शगुन योजना – 122 करोड़ रुपये
- महिला सतत आजीविका योजना – 2 करोड़ रुपये
- चंपावत में महिला स्पोर्ट्स कॉलेज निर्माण – 10 करोड़ रुपये
- गंगा गाय महिला डेरी विकास योजना – 5 करोड़ रुपये
जेंडर बजट में बढ़ोतरी
सरकार ने इस बार जेंडर बजट में भी वृद्धि की है।
- 2025-26 में प्रावधान: 16,961.32 करोड़ रुपये
- 2026-27 में प्रावधान: 19,692.02 करोड़ रुपये
स्वास्थ्य विभाग के लिए बड़ा बजट
स्वास्थ्य सेवाओं को मजबूत करने के लिए 4,252.50 करोड़ रुपये का प्रावधान किया गया है, जबकि 195 करोड़ रुपये पूंजीगत मद में रखे गए हैं।
बागेश्वर, डोईवाला, हरिद्वार, उत्तरकाशी, अल्मोड़ा, देहरादून, टिहरी और नैनीताल में अस्पतालों और स्वास्थ्य परियोजनाओं पर काम जारी है।
अन्य प्रमुख प्रावधान
- अनुसूचित जातियों के लिए – 2400 करोड़ रुपये
- अनुसूचित जनजातियों के लिए – 746.75 करोड़ रुपये
- अल्पसंख्यकों के लिए – 98 करोड़ रुपये
- अटल आयुष्मान योजना – 600 करोड़ रुपये
- खाद्यान्न योजना – 25 करोड़ रुपये
- प्रधानमंत्री आवास योजना – 298.45 करोड़ रुपये
- ईडब्ल्यूएस आवास – 25 करोड़ रुपये
- परिवहन निगम की बसों में निशुल्क यात्रा – 42 करोड़ रुपये
