February 13, 2026

Uttaranchal Darpan

Hindi Newsportal

आईजी रिद्धिम अग्रवाल का देर रात को औचक निरीक्षण : बैरियरों पर चेकिंग और बीट प्रणाली में मिली खामियां

सीसीटीवी खराब मिलने पर लगाई फटकार
हल्द्वानी(उद संवाददाता)। कुमायूँ परिक्षेत्र की सुरक्षा व्यवस्था को अभेद्य बनाने और जनता के बीच पुलिस के इकबाल को बुलंद करने के उद्देश्य से पुलिस महानिरीक्षक रिद्धिम अग्रवाल ने खुद कमान संभाल ली है। बीती देर रात आईजी ने जनपद नैनीताल सहित कुमायूँ के विभिन्न संवेदनशील इलाकों, बॉर्डर नाकों और पुलिस चौकियों का औचक निरीक्षण किया। इस दौरान उन्होंने न केवल सुरक्षा इंतजामों को परखा, बल्कि डड्ढूटी पर तैनात पुलिसकर्मियों की सतर्कता की भी बारीकी से समीक्षा की। जहाँ भी सुरक्षा तंत्र में लापरवाही दिखी, आईजी ने तत्काल अधिकारियों को आड़े हाथों लिया और कड़े लहजे में सुधार के निर्देश दिए। निरीक्षण के दौरान आईजी ने जब नाकों और बैरियरों पर आगंतुकों व वाहनों की आवाजाही से संबंधित रजिस्टरों की जांच की, तो प्रविष्टियों के संधारण में भारी अनियमितताएं पाई गईं। विवरण अधूरा होने पर उन्होंने संबंधित थाना प्रभारियों को फटकार लगाते हुए एक दिन के भीतर रिकॉर्ड दुरुस्त कर रिपोर्ट पेश करने का अल्टीमेटम दिया। सबसे अधिक नाराजगी उन्होंने खराब सीसीटीवी कैमरों को लेकर जाहिर की। कुछ चौकियों पर कैमरे बंद मिले, जिनकी जानकारी उच्चाधिकारियों को नहीं दी गई थी। आईजी ने स्पष्ट किया कि निगरानी तंत्र में ऐसी ढिलाई अक्षम्य है और इसे तुरंत ठीक कराने के आदेश दिए।गश्त प्रणाली को आधुनिक और प्रभावी बनाने के लिए आईजी ने निर्देश दिए कि अब कोई भी कर्मी बिना बीट बुक (या ई-बीट बुक) और वायरलेस सेट के गश्त पर नहीं जाएगा। निरीक्षण में कई कर्मियों के पास ये उपकरण न मिलने पर उन्होंने घोर आपत्ति व्यक्त की। उन्होंने कहा कि बीट बुक में संदिग्धों और आगंतुकों का पूरा विवरण होना अनिवार्य है और वायरलेस सेट के माध्यम से मुख्यालय से सतत संपर्क बना रहना चाहिए। आईजी ने दो टूक शब्दों में कहा कि जो भी अधिकारी इस बुनियादी पुलिसिंग में शिथिलता बरतेगा, उसके विरुद्ध कठोर अनुशासनात्मक कार्यवाही की जाएगी। जनता और अभिभावकों की सुरक्षा संबंधी चिंताओं को समझते हुए आईजी ने एक महत्वपूर्ण पहल की है। उन्होंने सभी जनपद प्रभारियों को निर्देशित किया है कि सुबह स्कूल खुलने और दोपहर में छुट्टðी के समय विशेष पुलिस टीमें पैट्रोलिंग करें। यह कदम न केवल स्कूलों के बाहर लगने वाले ट्रैफिक जाम को सुलझाएगा, बल्कि बालिकाओं और छात्र-छात्रओं के मन में सुरक्षा का विश्वास भी सुदृढ़ करेगा। उन्होंने क्षेत्रधिकारियों को आदेश दिया कि गश्त पर तैनात बल को पहले संवेदनशील स्थानों की पूरी जानकारी दी जाए और रणनीतिक रूप से उनकी तैनाती सुनिश्चित की जाए। आईजी के स्वयं मैदान में उतरने के बाद पूरे परिक्षेत्र में हड़कंप मच गया। उनके निर्देश पर सभी जनपदों के वरिष्ठ पुलिस अधीक्षक, एसपी और क्षेत्रधिकारी अपने-अपने क्षेत्रें में रात्रि ड्यूटी पर तैनात मिले। सघन चेकिंग अभियान के दौरान कई ओवरलोड वाहनों को सीज किया गया और संदिग्ध व्यक्तियों से पूछताछ की गई। कुमायूँ पुलिस ने श्जीरो टॉलरेंसश् नीति के तहत अपराधियों पर नकेल कसने का संकल्प दोहराया है। आईजी ने आमजन से अपील की है कि वे किसी भी संदिग्ध गतिविधि की सूचना पुलिस को दें ताकि एक सुरक्षित समाज का निर्माण हो सके।

Leave a Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *