क्या अब राजनीति में सच की कोई जगह नहीं बची? हरदा ने दी वीडियो डिलीट नहीं करने पर एफआईआर दर्ज कराने की चेतावनी
भाजपा प्रदेश कार्यालय में ओदालन शुरू करने का भी ऐलान किया
देहरादून। उत्तराखंड में भाजपा और कांग्रेस ने चुनावी मोड में आकर एक दूसरे पर जुबानी हमले तेज कर दिये है। उत्तराखंड के पूर्व मुख्यमंत्री एवं कांग्रेस के वरिष्ठ नेता हरीश रावत के खिलाफ भाजपा ने एक बार फिर मुस्लिम तुष्टीकरण करने का आरोप मढ़ते हुए सोशल मीडिया पर एआई जेनरेटेड एक वीडियो शेयर किया है। वहीं पूर्व सीएम हरदा ने भाजपा के इस कृत्य पर कड़ी आपत्ति जाहिर करते हुए वीडियो डिलीट नहीं करने पर पुलिस थाने में एफआईआर दर्ज कराने की चेतावनी दी है। वहीं पूर्व सीएम ने भाजपा के दुष्प्रचार की पोल खोलने के लिए भाजपा प्रदेश कार्यालय में ओदालन शुरू करने का भी ऐलान किया है। पूर्व सीएम हरीश रावत ने अपने फेसबुक पेज पर एक वीडियो संदेश साझा करते हुए कहा है कि मैं भाजपा के लोगों से कहना चाहता हूँ कि वे अपने झूठ के लिए राज्य की जनता से माफी माँगें। सोशल मीडिया पर मेरे विरुद्ध आर्टिफिशियल इंटेलिजेंस का सहारा लेकर जो झूठा नैरेटिव गढ़ने का दुष्प्रयास किया जा रहा है यदि उसे तत्काल डिलीट नहीं किया गया और सार्वजनिक रूप से वापस नहीं लिया गया, तो यह भाजपा और तथाकथित धाकड़ धामी की असलियत को उजागर करता है। यह कैसी भाजपा है, जिसके आधिकारिक पेजों पर केवल झूठ ही झूठ परोसा जा रहा है? राजनीतिक विरोधियों के खिलाफ झूठ के सहारे राजनीतिक प्रहार किए जा रहे हैं। यदि इस झूठ के लिए क्षमा नहीं माँगी गई और सामग्री को हटाया नहीं गया, तो मुझे विवश होकर आपके विरुद्ध थाने में एफआईआर दर्ज करानी पड़ेगी। साथ ही साइबर क्राइम के अंतर्गत भी आपके खिलाफ रुमुकदमा दर्ज कराने हेतु आवेदन दूँगा। मैं यहीं नहीं रुकूँगा लगातार सात दिनों तक भाजपा कार्यालय जाकर इस झूठी राजनीति का पर्दाफाश भी करूँगा। मैं 2017 का घाव सह लिया, मैं 2022 का घाव भी सह लिया, लेकिन अब हरीश रावत 2027 के लिए जो आप झूठ के सहारे हम पर आक्रमण कर रहे हो, हमारे खिलाफ वातावरण बनाने का प्रयास कर रहे हो, मैं उसको सहने के लिए तैयार नहीं हूं। मैं लडूंगा, उसके खिलाफ संघर्ष करूंगा और यदि आप में हिम्मत है तो बताओ कि हरीश रावत ने मुस्लिम तुष्टीकरण के लिए क्या-क्या कदम उठाए हैं? जो कदम हरीश रावत ने उठाए हैं, क्या आपकी सरकारें वह कम उठा नहीं उठा रही हैं ?? आप झूठ बोल सकते हैं, जुम्मे की नमाज का झूठ बोल सकते हैं, आप मुस्लिम यूनिवर्सिटी का झूठ बोल सकते हैं, मगर अनन्तोगत्वा एक दिन लोग समझेंगे कि झूठ के आधार पर किस प्रकार से उनका ध्यान वास्तविक मुद्दों से हटाया जा रहा है, बेरोजगारी, महंगाई, पलायन, महिलाओं पर बढ़ता अत्याचार, दलितों पर बढ़ता अत्याचार, कमजोर निरंतर और कमजोर हो रहा है, और गरीब हो रहा है। राज्य का विकास असंतुलित हो रहा है, इन सवालों से ध्यान हटाने के लिए, बढ़ते हुए भ्रष्टाचार व बेरोजगारी से ध्यान हटाने के लिए, आप इस तरीके का झूठा आडंबर फैलाकर राज्य की राजनीति को गलत दिशा में डालने का काम कर रहे हो? आओ हमसे विकास के मुद्दे पर बातचीत करो, कांग्रेस 10 साल सत्ता में रही है, हमने 10 साल में क्या किया है, हमसे पूछो और हम तुमसे पूछें कि तुमने 15 साल में क्या किया है? ताकि राज्य की जनता को तुलनात्मक रूम में मालूम हो सके कि किसने विश्वास की रक्षा करने का काम किया है और किसने विश्वास को छलने का काम किया है? झूठ के सहारे आप जनता को कुछ समय तो ठग सकते हो, लेकिन हमेशा के लिए नहीं ठग सकते हो। इस बार हम तुम्हें जनता को ठगने नहीं देंगे और उसके लिए संघर्ष करेंगे, जमकर के संघर्ष करेंगे, घुटने अड़ाकार के संघर्ष करेंगे।
भाजपा ने लिखा : देवभूमि की संस्कृति और डेमोग्राफी से खिलवाड़ अब बर्दाश्त नहीं
देहरादून। सोशल मीडिया पर कांग्रेस नेताओं और कुछ मुस्लिम युवकों की छवि बनाकर प्रदेश में डेमोग्रामी चेज करने को लेकर तंज किये गये है। एक तस्वीर में पूर्व सीएम हरीश रावत की छवि बनाकर फ्मै तुम्हे जमीन दूंगा तुम हमे वोट देनाय् जैसे स्लोगन लिखे गये हैं। वीडियो में कैप्शन लिखा है फ्सत्ता के लालच में अंधी कांग्रेस ने हमेशा सिर्फ अपनी कुर्सी देखी है, चाहे उसके लिए देवभूमि की पवित्रता को दांव पर ही क्यों न लगाना पड़े! वोटबैंक के लालच में कांग्रेस ने पहाड़ की डेमोग्राफी ही बदल कर रख दी थी, पर अब और नहीं! भाजपा सरकार में एक-एक अवैध घुसपैठिए का हिसाब होगा और उन्हें बाहर का रास्ता दिखाया जाएगा। देवभूमि की संस्कृति और डेमोग्राफी से खिलवाड़ अब बर्दाश्त नहीं किया जाएगा।
