‘सीएम धामी का काउंटर “अटैक” : पत्रकार वार्ता में अंकिता भंडारी मामले पर खुलकर बोले सीएम,अंकिता को बताया अपनी बेटी
वायरल ऑडियो के बाद अंकिता भंडारी हत्याकांड को लेकर खड़े किए गए सियासी तूफान के बीच मुख्यमंत्री ने तोड़ी चुप्पी
देहरादून। सूबे के मुिखया पुष्कर सिंह धामी ने अंकिता भंडारी हत्याकांड से संबंधित एक ऑडियो वायरल होने के बाद मुख्य विपक्षी दल कांग्रेस तथा क्षेत्रीय पार्टी उत्तराखंड क्रांति दल एवं विभिन्न सामाजिक संगठनों द्वारा हत्याकांड में तथाकथित वीआईपी की संलिप्तता को लेकर प्रदेश भर में खड़े किए गए राजनीतिक तूफान से उत्पन्न नॉरेटिव को काउंटर करने एवं हत्याकांड को लेकर अपनी सरकार निशाने पर लेने वाले दुष्प्रचारको की जुबान पर ताला लगाने के लिए पूरी तरह कमर कस ली है। बीते रोज राजधानी में आयोजित एक पत्रकार वार्ता में राज्य के मुख्यमंत्री धामी ने अंकित भंडारी हत्याकांड से संबंधित विभिन्न पहलुओं एवं संपूर्ण मामले पर सरकार के रुख पर विस्तार से प्रकाश डाला। हालांकि, पत्रकार वार्ता वीबी जी रामजी योजना को लेकर आयोजित की गई थी ,मगर प्रेस कॉन्फ्ेंस के दौरान जब अंकिता भंडारी हत्याकांड से संबंधित प्रश्न सामने आए, तो मुख्यमंत्री ने इस मसले पर खुलकर बात करते हुए अपना दिल खोल कर रख दिया। अंकिता भंडारी हत्याकांड को लेकर मुख्यमंत्री से 22 मिनट के दौरान 14 सवाल पूछे गए। मुख्यमंत्री ने हर प्रश्न का जवाब बड़े विस्तार से दिया। प्रेस कॉन्फ्ेंस में मुख्यमंत्री कई बार यह कहते सुने गए कि आज वह हर सवाल का जवाब देंगे।लगभग 22 मिनट तक चली प्रेस कॉन्फ्ेंस के दौरान सीएम धामी ने इस पूरे मामले पर अंकिता हत्याकांड प्रकरण की शुरुआती दौर से हुए घटनाक्रम के बारे में बताया। उन्होंने बताया कि उनके मुख्यमंत्री रहते हुए ही यह मामला सामने आया था और सरकार ने इस पर तत्काल एक्शन लेते हुए वह कार्रवाई की जो एक जघन्य अपराध में हो सकती है, मगर फिर भी कुछ लोग बार-बार इस मामले को लेकर संगठन और सरकार पर उंगलियां उठ रहे हैं। सीएम धामी ने कहा कि पहले भी सरकार और एजेंसियां लोगों से आग्रह करती रही है कि अगर किसी के पास इस मामले में कोई भी सबूत हैं तो वह सामने आकर दे सकते हैं। उनके नाम को गोपनीय रखा जाएगा। लेकिन अब तक कोई सामने नहीं आया। मुख्यमंत्री ने कहा कि जिस तरह से अब एक नया नाम वायरल ऑडियो क्लिप के माध्यम से सामने आ रहा है और उसे ऑडियो कॉल में कई तरह की बातें की जा रही हैं। अगर इसमें कोई सत्यता है तो सरकार हर जांच के लिए तैयार है। मुख्यमंत्री ने यह भी कहा कि राज्य में जिस तरह का माहौल एक ऑडियो क्लिप के माध्यम से बनाया जा रहा है, वह सही नहीं है। ऑडियो क्लिप में किसी का भी नाम किसी से ले देना और उसके बाद राज्य में इस तरह से माहौल बना देना, यह राज्य के हित में बिल्कुल भी नहीं है। मुख्यमंत्री ने कहा कि जिस ऑडियो क्लिप के हवाले से इतना हल्ला मचाया जा रहा है, उसमें कई तरह की बातें सामने आ रही हैं। कभी इसको हत्या बताया जा रहा है तो कभी आत्महत्या बताया जा रहा है। जबकि जांच में जो कुछ भी निकलकर आया है, वह बिल्कुल साफ है।पत्रकार वार्ता में मुख्यमंत्री ने अपने विरोधियों को बिल्कुल शायराना अंदाज में निशाने पर लिया । उन्होंने कहा कि जो माहौल राज्य में बनाया जा रहा है, वह जल्द सही हो जाएगा। बादल हटेंगे, कोहरा हटेगा, एक बार फिर से सूरज निकलेगा। सीएम धामी ने कहा कि, अंकिता हमारी बेटी है और इस मामले में हमने जितनी तेजी से कार्रवाई की है, उसको सबने देखा है। मुख्यमंत्री ने यह भी साफ कहा है कि यह कोई पहला मामला नहीं है। इससे पहले भी इसी तरह की ऑडियो क्लिप पेपर लीक मामले में सामने आई थी। एक बार फिर से इसी तरह की ऑडियो सामने आई है। पत्रकार वार्ता के दौरान मुख्यमंत्री ने इस जघन्य हत्याकांड पर अपनी सरकार का रुख स्पष्ट करते हुए कहा कि मै स्वयं अंकिता भंडारी के माता पिता से मिलूंगा और पूरे प्रकरण मे उनका मत जानूंगा, उसके बाद जो वो कहेंगे वो फैसला लूँगाय् ।सीएम ने आगे कहा कि अंकिता के माता पिता की राय पर जो भी कानूनी प्रक्रिया होगी उस पर अध्ययन करने के बाद आगे की कार्यवाही की जायेगी। किसी भी दोषी को बख्शा नहीं जाएगा, हम हर जांच के लिए तैयार हैं।सीएम ने विपक्ष को निशाने पर लेते हुए कहा कि विपक्ष इस संवेदनशील मुद्दे पर राजनीति कर प्रदेश में माहौल खराब करने का प्रयास कर रहा है। उन्होंने विपक्ष को सलाह दी कि अंकिता को राजनीति का हथियार न बनाएं। साथ ही प्रदेशवासियों से भी अपील की है कि अंकिता मामले में भ्रम की स्थिति न रखें। ऑडियो की सत्यता सामने आने पर कोई भी दोषी छूट नहीं पाएगा।
