दो हफ्तों के भीतर यह चौथा मर्डर : तिब्बती मार्केट में गोली मारकर गैस एजेंसी स्वामी की हत्या
स्कूटी सवार हमलावरों ने दिया वारदात को,संपत्ति विवाद की आशंका
देहरादून (उद संवाददाता)। राजधानी देहरादून के सबसे व्यस्ततम इलाकों में शुमार तिब्बती मार्केट में बुधवार को उस समय सनसनी फैल गई, जब स्कूटी सवार दो अज्ञात हमलावरों ने एक व्यक्ति की दिनदहाड़े गोली मारकर हत्या कर दी। मृतक की पहचान 40 वर्षीय अर्जुन शर्मा के रूप में हुई है, जो मूल रूप से इंदिरा नगर, वसंत विहार के निवासी थे और जीएमएस रोड स्थित ‘अमरदीप’ गैस एजेंसी के स्वामी थे। अर्जुन शर्मा सेना के रिटायर्ड कर्नल के बेटे थे। इस दुस्साहसिक हत्याकांड के बाद शहर की सुरक्षा व्यवस्था पर गंभीर सवाल खड़े हो गए हैं। प्राप्त जानकारी के अनुसार, अर्जुन शर्मा प्रतिदिन की तरह परेड ग्राउंड में टेनिस खेलकर घर लौट रहे थे। जैसे ही वह तिब्बती मार्केट के पास पहुंचे, घात लगाए बैठे दो बदमाशों ने उन पर ताबड़तोड़ फायरिंग कर दी। गोली लगने के बाद अर्जुन लहूलुहान होकर वहीं गिर पड़े। गोली चलने की आवाज से बाजार में भगदड़ मच गई और हमलावर मौके से फरार हो गए। पुलिस ने घायल अर्जुन को तुरंत दून अस्पताल पहुँचाया, जहाँ डॉक्टरों ने उन्हें मृत घोषित कर दिया। घटना की सूचना मिलते ही एसएसपी देहरादून और आईजी गढ़वाल ने भारी पुलिस बल के साथ मौके का मुआयना किया। फोरेंसिक टीम ने भी घटनास्थल से साक्ष्य जुटाए हैं। पुलिस की प्रारंभिक जांच में इस हत्याकांड के तार करोड़ों रुपये के पारिवारिक संपत्ति विवाद से जुड़े नजर आ रहे हैं। गढ़वाल आईजी राजीव स्वरूप के अनुसार, जांच में यह तथ्य प्रकाश में आया है कि मृतक अर्जुन शर्मा और उनके भाई का अपनी माँ के साथ व्यवसाय व संपत्ति को लेकर लंबा विवाद चल रहा था। विवाद इस हद तक था कि उनकी माता ने हाईकोर्ट से सुरक्षा की मांग करते हुए अपने ही बेटे से जान का खतरा बताया था। यह भी जानकारी मिली है कि माँ ने दोनों बेटों को संपत्ति से बेदखल कर रखा था। पुलिस अब इसी एंगल को केंद्र में रखकर जांच को आगे बढ़ा रही है।राजधानी में पिछले दो हफ्तों के भीतर यह चौथा मर्डर है, जिसने पुलिस की सक्रियता पर सवालिया निशान लगा दिया है। इससे पहले 29 जनवरी को विकासनगर में छात्र, 31 जनवरी को ऋषिकेश में महिला और 2 फरवरी को मच्छी बाजार में युवती की हत्या हो चुकी है। एसएसपी देहरादून ने बताया कि आरोपियों की धरपकड़ के लिए पूरे जनपद में नाकाबंदी कर दी गई है और सीसीटीवी फुटेज खंगाले जा रहे हैं। हमलावरों की गिरफ्तारी के लिए अलग-अलग टीमें गठित की गई हैं और पुलिस का दावा है कि जल्द ही साजिश का पर्दाफाश कर लिया जाएगा।
