स्वामी दर्शन भारती ने कहा : सबसे पहले उठाई थी सीबीआई जांच की मांग,सरकार को संस्तुति देनी पड़ी
देहरादून। अंकिता भंडारी हत्याकांड में सीबीआई जांच की संस्तुति को लेकर अब श्रेय लेने की होड़ तेज होती दिख रही है। इसी बीच देवभूमि रक्षा अभियान के संस्थापक स्वामी दर्शन भारती ने प्रेस कॉन्फ्रेंस कर पूरे मामले पर अपना पक्ष रखा और दावा किया कि सबसे पहले उन्होंने ही सीबीआई जांच की मांग उठाई थी, जिसके बाद सरकार को मजबूरन संस्तुति देनी पड़ी। प्रेस वार्ता के दौरान स्वामी दर्शन भारती ने कहा कि अंकिता हत्याकांड को लेकर विभिन्न संगठनों ने अपनी-अपनी तर्ज पर न्याय दिलाने की कोशिश की, लेकिन जनता की नजर में न्याय अभी भी अधूरा था। उन्होंने कहा कि तीन साल तक सीबीआई जांच नहीं हो पाई, जबकि वे लगातार इसकी मांग उठा रहे थे। उनके अनुसार, जब यह मुद्दा व्यापक स्तर पर उठाया गया और दबाव बना, तब जाकर सरकार को सीबीआई जांच की संस्तुति देनी पड़ी। उर्मिला सनावर को देहरादून लाने पर भी उन्होंने विस्तार से बात की। स्वामी दर्शन भारती ने बताया कि दिल्ली में गुर्जर समाज के कुछ लोगों के माध्यम से उर्मिला सनावर उनके संपर्क में आई थीं। उन्हें जैसे ही इस पूरे घटनाक्रम की जानकारी मिली, उन्होंने उर्मिला को पुलिस सुरक्षा का भरोसा दिलाया और देहरादून लेकर आए, ताकि वह अपना पक्ष सुरक्षित माहौल में रख सकें।स्वामी दर्शन भारती ने कहा कि उर्मिला सनावर का ऑडियो वायरल होने के बाद यह मामला फिर से तूल पकड़ गया। इस ऑडियो के सामने आने से देहरादून से लेकर दिल्ली तक कई दिग्गज नेताओं के नाम चर्चा में आए और राजनीतिक हलकों में हलचल मच गई। दर्शन भारती ने संकेत दिए कि ऑडियो सामने आने के बाद ही मामले ने नया मोड़ लिया और जांच की दिशा पर भी असर पड़ा। प्रेस कॉन्फ्रेंस के दौरान उन्होंने यह भी स्पष्ट किया कि उनका उद्देश्य किसी से राजनीतिक लाभ लेना नहीं, बल्कि पीड़िता को न्याय दिलाना है। बता दें इससे पहले उर्मिला सनावर इस बात का दावा करते दिख रहे है की उनकी वजह से मामले में फिर से सीबीआई जांच हो रही है।
