‘मंत्रिमंडल विस्तार’ में ‘किसकी लगेगी लॉटरी’? सीएम धामी के स्पष्ट संकेत के बाद मंत्रिमंडल विस्तार पर लगने लगी अटकलें
रुद्रपुर। पहले दिल्ली दौरे से लौटे सीएम धामी, तत्पश्चात भाजपा प्रदेश अध्यक्ष महेंद्र भट्ट द्वारा मंत्रिमंडल विस्तार के संकेत दिए जाने के बाद जहां राज्य मंत्रिमंडल विस्तार की सुगबुगाहट अचानक तेज हो गई है ,वहीं दावेदार विधायकों के मन में लड्डू तो फूटने ही लगे हैं। वरिष्ठ भाजपा विधायक खजान दास, मदन कौशिक, प्रदीप बत्र, विनोद कंडारी, भरत चौधरी, बंशीधर भगत, बिशन सिंह चुफाल, राम सिंह कैड़ा समेत कुछ अन्य बड़े नाम मंत्री पद के प्रमुख दावेदार माने जा रहे हैं। राज्य मंत्री राज्य मंत्रिमंडल विस्तार की चर्चा जोर पकड़ते ही उधम सिंह नगर के सियासी हल्के एवं चौक चौबारों में भी मंत्रिमंडल के संभावित नए चेहरों को लेकर चर्चाओं का बाजार गर्म हो गया है। राजनीतिक जानकारों का मानना है कि राज्य मंत्रिमंडल में सौरभ बहुगुणा के रूप में उधम सिंह नगर का प्रतिनिधित्व पहले से ही होने और स्वयं मुख्यमंत्री का गृह ग्राम भी उधम सिंह नगर में होने के चलते मंत्रिमंडल विस्तार में उधम सिंह नगर से किसी अन्य चेहरे का नंबर लगे लगे नेता की संभावना वैसे तो कम है, लेकिन उत्तराखंड का सबसे बड़ा जिला होने के कारण अगर राज्य मंत्रिमंडल में उधम सिंह नगर का प्रतिनिधित्व बढ़ाने पर सहमति बनी, तो गदरपुर से वरिष्ठ भाजपा विधायक अरविंद पांडे और रुद्रपुर विधानसभा सीट से पहली बार निर्वाचित शिव अरोरा के नाम पर विचार हो सकता है। सियासी पंडितों की माने तो शिक्षा मंत्री के रूप में किए गए कार्य गदरपुर विधायक अरविंद पांडे का पलड़ा भारी कर सकते हैं। दूसरी ओर रुद्रपुर विधायक द्वारा निर्वाचित होने के बाद ओढ़ी गई फायर ब्रांड हिंदुत्व वादी नेता की चादर उन्हें संभावित मंत्रिमंडल विस्तार में स्थान दिलाने में सहायक हो सकती है। हालांकि भाजपा में वरिष्ठ विधायकों की लंबी फेहरिस्त होने के कारण रुद्रपुर विधायक की दावेदारी तनिक कमजोर पड़ जाती है, लेकिन रुद्रपुर विधानसभा में अल्प संख्यक वोटरों की संख्या ठीक-ठाक होने के चलते भाजपा अगर दूर की कौड़ी लाई, तो रुद्रपुर विधायक द्वारा अक्सर दिए जाने वाले विस्फोटक बयान और स्थानीय इंदिरा चौक से मासूम मियां शाह की मजार हटाने में निभाई गई अग्रणी भूमिका विधायक शिव अरोरा की संभावनाएं उज्जवल कर सकती है और वह भाजपा के उग्र हिंदुत्व के नए पोस्टर बॉय के रूप में मजबूत किए जा सकते हैं । वैसे रुद्रपुर की सियासत पर नजदीकी नजर रखने वाले कुछ राजनीतिक प्रेक्षक रुद्रपुर विधायक के मंत्रिमंडल प्रवेश की दावेदारी को सिरे से ही खारिज करते हैं। उनका तर्क है कि अव्वल तो पहली बार निर्वाचित होने के कारण उनके नाम पर विचार होगा ही नहीं और अगर ऐसी कुछ संभावना बनी भी ,तो रुद्रपुर मेयर विकास शर्मा से सियासी अदावत उनके आड़े आ जाएगी। वह इसलिए क्योंकि रुद्रपुर मेयर का धामी दरबार में अच्छा खासा दबदबा है और रुद्रपुर विधायक की शहर के मेयर से आजकल तनिक खटपट चल रही है। जाहिर है कि अगर रुद्रपुर विधायक और रुद्रपुर मेयर के बीच चल रहा शीत युद्ध समय रहते समाप्त न हुआ, तो रुद्रपुर विधायक का पत्ता धामी दरबार से ही कट जाने की प्रबल संभावना है । यहां हम अपने पाठकों के समक्ष स्पष्ट करना चाहेंगे कि राज्य मंत्रिमंडल की विस्तार की ताजा सरगर्मी महज एक अटकल नहीं है ,बल्कि भाजपा अध्यक्ष महेंद्र भट्ट और मुख्यमंत्री पुष्कर सिंह धामी ने मंत्रिमंडल विस्तार के स्पष्ट संकेत दिए हैं ।बताना होगा कि गुजरे शनिवार को दिल्ली दौरे से लौटने के बाद मुख्यमंत्री पुष्कर सिंह धामी पहले महाराणा प्रताप स्पोर्ट्स कॉलेज परिसर में मौजूद हिमाद्री आइसक्रीम में एशियाई ओपन आइस स्केटिंग चौंपियनशिप का समापन करने पहुंचे और इसके बाद सीधे आपदा कंट्रोल रूम पहुंचकर आपदाओं से हुए नुकसान और चल रहे रेस्क्यू का जायजा लिया साथ ही आपदाओं को लेकर जरूरी दिशा निर्देश भी दिए।इसके बाद सीएम धामी मीडिया से मुखातिब हुए। इसी दौरान मुख्यमंत्री से कैबिनेट विस्तार को लेकर भी सवाल पूछा गया । जिसके जवाब में सीएम धामी कहा कि कैबिनेट विस्तार को लेकर चर्चाएं चल रही है, क्योंकि, पार्टी सभी लोगों से मिलजुल कर और लोकतांत्रिक तरीके से फैसला लेती है। इसलिए, उच्च स्तर पर इसके लिए विचार चल रहा है। मिलजुल कर सभी के फीडबैक के बाद इस पर कोई फैसला लिया जाएगा। दूसरी तरफ भाजपा प्रदेश अध्यक्ष महेंद्र भट्ट ने भी रविवार को साफ कर दिया है कि कैबिनेट में खाली चल रहे पदों को भरने को लेकर लंबे समय से कवायद चल रही है, अब इन पदों को जल्द भरा जाएगा।
