Uttaranchal Darpan

Hindi Newsportal

उत्पीड़न के खिलाफ मीडियाकर्मियों में आक्रोश: धरने पर बैठे जिले के पत्रकार,डीजीपी को भेजा ज्ञापन

रुद्रपुर/काशीपुर/सितारगंज। उत्तराखंड में पुलिस प्रशासन की कार्यप्रणाली के खिलाफ पत्रकारों में आक्रोश व्याप्त हो गया है। शनिवार देर रात एक मामले में वरिष्ठ पत्रकार भरत शाह अपने कुछ साथियों के संग समाचार संकलन करने के उद्देश्य से सिडकुल पुलिस चैकी पहुंचे। यहां एक पक्ष से जब उन्होंने जानकारी लेने का प्रयास किया तो आरोपित लोगों ने पत्रकारों के साथ गाली गलौज व अभद्रता करते हुए मारपीट कर दी। इस दौरान चैकी पुलिस की मौजूदगी में पत्रकारों को जान से मारने की धमकी तक दी गई लेकिन चैकी में तैनात पुलिस के अधिकारियों ने मामले की लीपापोती करते हुए उल्टा पत्रकार भरत शाह सहित तीन लोगों के खिलाफ मुकदमा दर्ज कर दिया। बताया गया कि घटना के बाद पत्रकारों का मेडिकल कराया लेकिन इसके बाद भी पत्रकारों के पक्ष को पुलिस द्वारा जानबूझकर नजरअंदाज कर दिया गया। इस मामले को लेकर प्रदेश भर के पत्रकारों में भारी आक्रोश व्याप्त है। पत्रकार पर दर्ज मुकदमे व अन्य पत्रकारों के साथ अभद्रता के खिलाफ आज जिला मुख्यालय रुद्रपुर में पत्रकारों ने एसएसपी के कैम्प कार्यालय के बाहर प्रदर्शन किया और धरने पर बैठ गये। इस दौरान पत्रकार संगठन के पदाधिकारियों ने घटना की जांच कराने के साथ ही दोषियों पर कार्यवाही कर पत्रकार के खिलाफ दर्ज मुकदमे को रद्द करने की मांग की है। पत्रकारों ने अभद्रता मामले में एसपी सिटी व सीओ सिटी को हटाए जाने की मांग की। पत्रकारों ने आरोप लगाया है कि बीती रात करीब 10 बजे नैनीताल मार्ग पर सड़क हादसे की घटना के बाद कवरेज के लिए गये पत्रकार भरत शाह के साथ सिडकुल चैकी में अभद्रता की गई। बाद में अन्य पत्रकारों के साथ भी अभद्रता की गई। जबकि पुलिस कर्मियों और पत्रकारों के बीच हुए विवाद के बाद पुलिस ने पत्रकार भरत शाह समेत दो अन्य लोगों पर मुकदमा दर्ज कर दिया है। पुलिस अधिकारियों की कार्यप्रणाली के खिलाफ आज गुस्साए पत्रकारों ने एसएसपी कैम्प कार्यालय के बाहर धरना देकर आक्रोश व्यक्त किया है। हल्द्वानी-उधम सिंह नगर रुद्रपुर में वरिष्ठ पत्रकार भरत शाह के साथ बीते रोज सिडकुल चैकी में न्यूज कवरेज के दौरान हुई अभद्रता के विरोध में हल्द्वानी के पत्रकारों ने पुलिस महानिरीक्षक कुमाऊं को संबोधित ज्ञापन कोतवाल हल्द्वानी मनोज रतूड़ी को सौंपा। इस दौरान वर्किंग जर्नलिस्ट आफ इंडिया संबद्ध भारतीय मजदूर संघ के सदस्यों ने अभद्रता और मारपीट के दोषियों के विरुद्ध कार्रवाई की मांग की है,ऐसा न होने पर आंदोलन की भी चेतावनी दी गई। काशीपुरः काशीपुर मीडिया सेंटर से जुड़े पत्रकारों ने एएसपी कार्यालय के समक्ष सांकेतिक धरना प्रदर्शन करते हुए आक्रोश जताया है। पत्रकरों से अभद्रता के दोषियों पर कार्यवाही मांग को लेकर डीजीपी व मुख्यमंत्री को ज्ञापन भेजकर दोषी पुलिसकर्मियों के खिलाफ तत्काल कार्यवाही की मांग की। आक्रोशित पत्रकारों ने कहा कि प्रदेश सरकार व पुलिस के मुखिया इस मामले को यदि गंभीरता से नहीं लेते तो पत्रकार बड़ी तादात में एकजुट होकर सड़कों पर उतरने को बाध्य होंगे। काशीपुर में सांकेतिक धरना प्रदर्शन कर रहे पत्रकारों ने साफ किया कि जब तक दोषी पुलिस अधिकारियों के खिलाफ दंडात्मक कार्यवाही नहीं होती वह पुलिस के खुलासे जैसी खबरों का बहिष्कार करेंगे। यहां बता दें कि पुलिस प्रशासन की गलत नीतियों के कारण पत्रकारों का उत्पीड़न लगातार जारी है। पुलिस प्रशासन पत्रकारों से तालमेल रखने की बजाय उसे किसी न किसी तरह कानून की चुंगल में फसाने की फिराक में रहती है। पुलिस के इस रवैया से आक्रोशित पत्रकारों ने साफ किया कि पुलिस का तानाशाही रवैया किसी भी कीमत पर बर्दाश्त नहीं किया जाएगा। धरना प्रदर्शन कर ज्ञापन सौंपने वालों मैं अध्यक्ष दिलप्रीत सिंह सेठी के अलावा अनिरुद्ध निझावन, मनोज श्रीवास्तव, आरडी खान, कुंदन बिष्ट, दीप पाठक, शिव अवतार शर्मा, विकास गुप्ता, अनिल शर्मा, अरुण कुमार, प्रदीप सिंह, नाजिम मंसूरी, एफ यू खान, गजेंद्र यादव, मुकीम आलम, गुरविंदर सिंह चंडोक, डाॅक्टर एम ए राहुल, श्याम मिश्रा, मुकुल मानव, राजेश शर्मा, करण सिंह, मोनू गांधी, आरिफ खान, अजीम खान, रफी खान, अभय पांडे, आदि शामिल रहे। सितारगंजः रुद्रपुर के वरिष्ठ पत्रकार भरत शाह एवं उनके सहयोगियों का पुलिस ने चैकी में उत्पीड़न किया गया। जिससे भड़के सितारगंज के पत्रकारों ने पुलिस रवैया की कड़े शब्दों में आलोचना
की है। इस दौरान वक्ताओं ने कहा कि पुलिस रौब दिखाकर पत्रकारों को डराना चाह रही है। स्थानीय पत्रकारों ने उत्पीड़न के खिलाफ समस्त पत्रकारों को एकजुट रहने की अपील की। रुद्रपुर की पुलिस चैकी में करीबी का विवाद होने पर वरिष्ठ पत्रकार भरत शाह मौके पर पहुंचे थे। इस दौरान दोनों पक्षों के बीच समझौता हो गया था। पत्रकार भरत शाह का आरोप है कि पुलिस ने इसके बावजूद उत्पीड़न किया। चैकी में उनके साथ अभद्रता की गई। उन्होंने आरोप लगाया पुलिस सत्ता पक्ष के इशारे पर काम कर रही है। रविवार को रुद्रपुर के पत्रकारों ने पुलिस के खिलाफ आंदोलन शुरू कर दिया है। वहीं सितारगंज के पत्रकारों ने पुलिस के उत्पीड़न की कड़े शब्दों में निंदा की है। उन्होंने कहा कि पत्रकार समाज का आईना है। उनके साथ इस तरह की घटना बेलगाम हो चुके तंत्र व्यवस्था की तरफ इशारा है। इस मौके पर राजेंद्र तिवारी,यामीन अंसारी, हनीफ अहमद बाबा, अविनाश श्रीवास्तव, अबरार अहमद, कफील अहमद, अनीश रजा, कासिम अंसारी, विकास गुप्ता, पूरन डसीला आदि थे।

Leave a Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *