विधायक सुरेश गढ़िया और उनके गनर उफनते तेज नाले को पार करने में बाल बाल बचे : रेस्क्यू टीम लापता लोगों की खोजबीन में जुटी
डीएम भी अधिकारियों के साथ जान जोखिम में डालकर पहुंचे आपदा ग्रस्त गांव
बागेश्वर/कपकोट । पौंसारी गांव के खाई जर तोक में आई आपदा के बाद स्थानीय विधायक सुरेश गढ़िया और जिलाधिकारी आशीष भटगाई भी पौंसारी गांव के लिए रवाना हुए। सड़क मार्ग टूटने से डीएम और विधायक कई किलोमीटर संकरे और अस्थाई जानलेवा मार्गो से जैसे तैसे आपदा ग्रस्त गांव पहुंचे।इसी बीच उफनते तेज नाले के बहाव को पार करने में विधायक सुरेश गढ़िया को जान जोखिम में डालकर एनडीआरएफ की टीम ने उफनते नाले से पार करवाया।पर उनके गनर का नाले के तेज बहाव में संतुलन बिगड़ने से वे भी कुछ दूरी तक बहते चले गए।उन्हें बचाने के लिए स्थानीय लोग और एसडीआरफ के जवानों ने कड़ी मस्ककत कर उनके गनर को बचाया।जिससे बड़ा हादसा होते होते बचा।वही तेज बरसाती नाले में उबड़ खाबड़ टूटे हुए रास्तों से गांव तक पहुंचने में डीएम और अन्य अधिकारियों को भी काफी परेशानी हुई।डीएम भी लगभग12किमी पैदल दूरी तय कर गांव तक पहुँचे।कई स्थानों में कीचड़, तेज उफनते नाले को पार करने हेतु जान जोखिम में डालकर डीएम आशीष भटगाई भी कठिन मार्गो को पार करते हुए पौनसारी गांव पहुँचे।जहां उन्होंने आपदा ग्रस्त क्षेत्र का जायजा अधिकारियों को त्वरित आपदा नियंत्रण की कार्रवाई करने के निर्देश दिए।डीएम और विधायक को अपने बीच देखकर लोगों और राहत कार्यों में लगे अधिकारियों और जवानों का मनोबल बढ़ा।वे लगातार अपने स्तर से उचित सहयोग करते नजर आए। कपकोट क्षेत्र के ग्राम पौंसारी के खाई जर तोक में गुरुवार देर रात बादल फटने की घटना से भारी क्षति हुई है।बादल फटने से घरों में मलबा घुस गया, जिसके कारण दो परिवार प्रभावित हुए हैं।प्रभावित परिवारों में दो लोगों की मौत जबकि तीन लोग लापता हुए हैं।जिनकी खोजबीन जारी है।मृत लोगों में अब तक जिनके शव बरामद हुए हैं उनमें बसंती देवी,बचुली देवी,जबकि लापता हुए लोगों में रमेश चंद्र जोशी (लापता), और उनका बेटा गिरीश,औऱ पूरन जोशी का अभी तक पता नही चल पाया है। हादसे में बेटा पवन सुरक्षित है




