बाबा तरसेम सिंह हत्याकांड का फरार शूटर सरबजीत सिंह पंजाब से गिरफ्तार : टायर फटने से अनियंत्रित होकर पलट गई थी गाड़ी

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मुख्य आरोपी एक साल से पुलिस को चकमा दे रहा था,दो लाख रुपये का रखा गया था इनाम
नानकमत्ता। ऊधमसिंहनगर पुलिस ने डेरा कार सेवा प्रमुख बाबा तरसेम सिंह हत्याकांड में शामिल फरार मुख्य आरोपी शूटर सरबजीत को कड़ी मशक्कत के बाद बुधवार रात मुठभेड़ में गिरफ्तार कर लिया है। डेरा कार सेवा प्रमुख बाबा तरसेम सिंह हत्याकांड के फरार मुख्य आरोपी को उपचार के लिए अस्पताल में भर्ती कराया गया है।एसएसपी मणिकांत मिश्रा ने बताया कि रुद्रपुर लाते समय बुधवार रात करीब 10 बजे ढेला पुल और बांसखेड़ा के बीच पुलिस उसे पंजाब से गिरफ्तार कर ला रही थी। काशीपुर के पास टायर फटने से गाड़ी पलट गई। इस दौरान आरोपी एक पुलिसकर्मी की पिस्टल छीनकर भागा और टीम पर फायर झोंक दिया। गोली एक पुलिसकर्मी के बाजू को छूकर निकल गई। पुलिस की जवाबी कार्रवाई में दोनों घुटनों में गोली लगने से सरबजीत घायल होकर गिर पड़ा। 28 मार्च 2024 को नानकमत्ता में बाबा तरसेम सिंह की हत्या करने के बाद शूटर अमरजीत सिंह उर्फ बिट्टू और सरबजीत सिंह बाइक से भाग निकले थे। बाबा तरसेम सिंह हत्याकांड के आरोपी और शूटर सरबजीत सिंह एक साल से पुलिस को चकमा दे रहा था। इस दौरान उसने न केवल कई ठिकाने बदले, बल्कि पहचान छिपाने के लिए कई बार हुलिया भी बदला। अप्रैल 2024 में हरिद्वार में बिट्टू का एनकाउंटर हो गया, जबकि सर्बजीत भूमिगत हो गया था। उस पर पहले 50000, फिर एक लाख और उसके बाद दो लाख रुपये का इनाम रखा गया था। पुलिस के साथ ही एसटीएफ भी उसकी तलाश में जुटी थी। पुलिस ने पंजाब में उसके घर सहित कई संभावित ठिकानों पर दबिश दी लेकिन वो चकमा देने में सफल रहा। पुलिस को दो महीने पहले सरबजीत के तरनतारन के एक घर में छिपे होने की जानकारी मिली। एसएसपी मणिकांत मिश्रा ने टास्क को अपने हाथों में लिया और गोपनीय ढंग से एक टीम को वहां भेजा। इसके बाद बदल-बदल कर पुलिसकर्मी तरनतारन जाकर जानकारी जुटाते रहे। इस टास्क को इतना गोपनीय रखा गया कि किसी को भी भनक नहीं लगी । सरबजीत के सोशल मीडिया अकाउंट से पोस्ट कर हत्याकांड की जिम्मेदारी ली गई थी। पुलिस ने सोशल मीडिया अकाउंट की जांच की बात कही थी। वारदात के दूसरे दिन सरबजीत सिंह मियां विंड के नाम से बने सोशल मीडिया अकाउंट से जारी पोस्ट ने सनसनी फैला दी थी। इसमें सरबजीत ने बाबा तरसेम की हत्या की जिम्मेदारी ली थी। पोस्ट में लोकेशन बांग्लादेश के ढाका स्थित गुरुद्वारा नानकशाही की दी गई थी। इसमें दावा किया गया था कि वह खुद अकाल तख्त साहिब के सामने पेश होगा। यह पोस्ट सरबजीत ने की थी या किसी और ने, यह स्पष्ट नहीं हो सका था।
टायर फट जाने से गाड़ी अनियंत्रित होकर पलट गई
एसएसपी मणिकांत मिश्रा ने बताया कि रुद्रपुर लाते समय बुधवार रात करीब 10 बजे ढेला पुल और बांसखेड़ा के बीच गाड़ी का टायर फट जाने से गाड़ी अनियंत्रित होकर पलट गई। मौके का फायदा उठाते सरबजीत ने पुलिसकर्मी संजय कुमार की पिस्टल छीन ली और गाड़ी से कूदकर गेहूं के खेत में भाग खड़ा हुआ। इसके बाद उसने पिस्टल से फायरिंग शुरू कर दी। एक गोली पुलिसकर्मी शुभम सैनी के बाएं बाजू को छू गई। पुलिस की जवाबी कार्रवाई में सरबजीत के दोनों घुटनों में गोली लगी। पुलिस उसे पकड़कर काशीपुर के सरकारी अस्पताल पहुंची, जहां उसका उपचार किया गया। घटना की जानकारी मिलने पर वरिष्ठ पुलिस अधीक्षक मणिकांत मिश्रा एवं क्षेत्राधिकार दीपक सिंह फोर्स के साथ अस्पताल पहुंच गए और घायल सरबजीत से पूछताछ की। उधर गाड़ी पलटने से पुलिसकर्मी धनराज शाह के हाथ में तथा नानकमत्ता एसओ उमेश कुमार के सिर मेंचोट आई है। अन्य पुलिस कर्मियों को गुम चोट आई हैं।

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